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शुरू नहीं हो पाया दस्तावेजों का सत्यापन कार्य, विद्यार्थियों की बढ़ी परेशानी

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जींद। कॉलेजों में दाखिले को लेकर ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया लगातार जारी है। बुधवार से ऑनलाइन दस्तावेजों के सत्यापन का कार्य शुरू नहीं हो पाया है। इसके अलावा अभी तक उच्चतर शिक्षा विभाग की ओर से पोर्टल पर लिंक नहीं दिया गया है, जिससे यह पता लगाया जा सके कि महाविद्यालयों में कितने छात्रों ने आवेदन किए हैं।
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उम्मीद जताई जा रही है कि शीघ्र ही यह पोर्टल पर लिंक जारी किया जा सकता है। हालांकि पहले आवेदन प्रक्रिया के साथ ही महाविद्यालयों को यह लिंक उपलब्ध करवा दिया जाता था, लेकिन इस बार यह ऐसा नहीं किया गया है। 16 अगस्त से आवेदन प्रक्रिया शुरू है और विद्यार्थी 26 अगस्त तक आवेदन कर सकते हैं।
हालांकि बुधवार से दस्तावेजों की ऑनलाइन सत्यापन प्रक्रिया शुरू होनी थी, जोकि शुरू नहीं हो पाई है। 28 अगस्त तक विद्यार्थियों के दस्तावेजों के सत्यापन का कार्य होगा। वहीं ऑनलाइन आवेदन के दौरान दस्तावेजों को अपलोड करते हुए आवेदन प्रक्रिया में 15 मिनट तक का समय लग रहा है, लेकिन कई बार सर्वर में दिक्कत आ जाती है। इससे आवेदन की प्रक्रिया फिर से करनी पड़ती है। इससे विद्यार्थियों को आवेदन करने में ज्यादा समय लग रहा है। परिवार पहचान पत्र में नाम की मिसमेचिंग भी विद्यार्थियों की समस्या बढ़ा रही है। परिवार पहचान पत्र मेें विवरण संबंधी कुछ भी खामी हो तो इसका असर दाखिला आवेदन पर पड़ रहा है।
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उच्चतर शिक्षा विभाग ने पोर्टल में एक नया टैब जोड़ा है, जो दाखिला प्रक्रिया में विद्यार्थियों के कॉलेज चुनते ही संबंधित विश्वविद्यालय के क्राइटेरिया को लागू कर देगा। विद्यार्थी के आवेदन करते समय अब सॉफ्टवेयर विश्वविद्यालय के हिसाब से ही विद्यार्थियों का विद्यार्थियों का पात्रता मापदंड पोर्टल से उठाएगा। जो कॉलेज जिस विश्वविद्यालय से मान्यता प्राप्त होगा उसमें उसी के पात्रता मापदंड तय होंगे।
अब तक पोर्टल पर लिंक उपलब्ध नहीं हुआ है, जिससे यह नहीं पता चल सके कि महाविद्यालय में कितने आवेदन आए हैं। इसके अलावा ऑनलाइन दस्तावेजों का सत्यापन कार्य भी शुरू नहीं हो पाया है। वीरवार से सत्यापन कार्य शुरू होने की उम्मीद है। 26 अगस्त तक विद्यार्थी दाखिले के लिए ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। -शीला दहिया, प्राचार्य राजकीय पीजी कॉलेज जींद।
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