जुलाना। उप मुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने कहा कि किसान आंदोलन के दौरान एक भी किसान पर केस दर्ज नहीं हुआ, क्योंकि किसानों की फिक्र का आदमी ऊपर बैठा था। राज में हिस्सेदारी होने से किसानों को काफी फायदा हुआ। उन्होंने एक मुहिम शुरू की थी कि किसान की फसल का पैसा सीधा उसके खाते में जाए, वो हमने काम करके दिखाया।
दुष्यंत चौटाला बुधवार को गतौली गांव में जनसभा को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि प्रदेश की हुड्डा सरकार के दौरान किसानों को नाममात्र मुआवजा राशि मिलती थी, लेकिन हमने एक सिस्टम तैयार किया, जिससे सीधा पटवारी के मोबाइल फोन पर संदेश जाता है कि उस किसान के खेत की गिरदावरी करनी है। पहले रोहतक से आगे जैसे ही जुलाना की सीमा शुरू होती थी, पाकिस्तान जैसा व्यवहार होता था। जुलाना में एक भी हाईवे नहीं था, लेकिन अब जुलाना में एनएच 152 डी, एनएच 352 और जम्मू-कटरा जुलाना से होकर गुजरते हैं।
गतौली गांव में स्टेडियम बनाने की रखी मांग
गतौली गांव की आबादी 15 हजार होने के बावजूद युवाओं के लिए खेल स्टेडियम नहीं है। इसको लेकर ग्रामीणों ने गांव में स्टेडियम बनाने की मांग रखी। इसके अलावा कच्चे रास्तों को पक्का करने, तालाबों का सुंदरीकरण, निकासी व्यवस्था, स्कूल और अस्पताल की बिल्डिंग जर्जर होने पर नवनिर्माण की मांग रखी गई।
अमरजीत इतना भोला है नहीं, जितना दिखता है : दुष्यंत चौटाला
गतौली गांव में ग्रामीणों को संबोधित करते हुए दुष्यंत चैटाला ने कहा कि जुलाना का विधायक अमरजीत ढांडा इतना भोला है नहीं, जितना दिखाई देता है। क्योंकि इसने मेरे से हां भरवाई है कि जब आप मुख्यमंत्री की शपथ ले लो तो मुझे डिप्टी सीएम का पद दे देना। इसके अलावा जुलाना में मेरे विधानसभा क्षेत्र की सड़कों को ले आया। अगर इसी तरह आपने संगठन के लिए काम किया तो पहले के मुकाबले अब और भी ज्यादा वोट से अमरजीत जीतेगा।