फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Jind News: जींद–खाटू श्याम रेल मार्ग से धार्मिक पर्यटन और क्षेत्रीय विकास को मिलेगी गति

विज्ञापन
22जेएनडी06: सांसद सतपाल ब्रह्मचारी लोकसभा में उठाए गए जनहित और विकास से जुड़े मुद्दों की जानका
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

जींद। हरियाणा और राजस्थान के लाखों श्रद्धालुओं की लंबे समय से चली आ रही मांग को लोकसभा में सांसद सतपाल ब्रह्मचारी ने उठाया। उन्होंने जींद से राजस्थान के सीकर स्थित खाटू श्याम बाबा मंदिर तक रेल मार्ग बिछाने की मांग की है। सांसद ने रेल परियोजना को धार्मिक पर्यटन, रोजगार सृजन और क्षेत्रीय विकास से जोड़ते हुए इसे जनहित की आवश्यकता बताया।
सांसद ब्रह्मचारी ने हरियाणा की लोक संस्कृति को देश-विदेश में पहचान दिलाने वाले राष्ट्र कवि पंडित दादा लखमीचंद को भारत रत्न से सम्मानित करने की मांग भी संसद में उठाई।
विज्ञापन

सोमवार को पांडू पिंडारा स्थित अपने आश्रम में पार्टी नेताओं व कार्यकर्ताओं के साथ लोकसभा सत्र की जानकारी साझा करते हुए सांसद ने कहा कि उनको संसद सत्र के दौरान कई महत्वपूर्ण प्रश्न रखने का अवसर मिला। इनमें से दो पर सकारात्मक प्रतिक्रिया भी सामने आई हैं।
उन्होंने कहा कि जींद–खाटू श्याम रेल मार्ग न केवल श्रद्धालुओं की सुविधा बढ़ाएगा, बल्कि इससे क्षेत्र में पर्यटन, व्यापार और रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे।
सांसद ब्रह्मचारी ने बताया कि प्रस्तावित रेल मार्ग जींद से गोहाना, सोनीपत होते हुए सीकर तक विकसित किया जा सकता है। इस रूट से जींद और सोनीपत जिले के साथ-साथ आसपास के क्षेत्रों के लाखों श्रद्धालुओं को सीधा लाभ मिलेगा, जो हर महीने बड़ी संख्या में खाटू श्याम बाबा के दरबार में दर्शन के लिए जाते हैं।
उन्होंने कहा कि बेहतर रेल कनेक्टिविटी से सड़क यातायात का दबाव भी कम होगा और स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
उन्होंने कहा कि राष्ट्र कवि पंडित लखमीचंद ने अपने गीतों और रागनियों के माध्यम से समाज को दिशा देने का काम किया। उनके साहित्य में भूत, वर्तमान और भविष्य की स्पष्ट झलक मिलती है, जो आज भी समाज को प्रेरित कर रही है।
विज्ञापन

देश के हर कोने और हर वर्ग में उनके गीत सुने जाते हैं, इसलिए उन्हें देश का सर्वोच्च नागरिक सम्मान मिलना चाहिए। इस अवसर पर कांग्रेस जिला प्रधान ऋषिपाल हैबतपुर, वरिष्ठ नेता पवन गर्ग, मास्टर वजीर गांगोली, स्वामी चंद्रानंद मौजूद रहे।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें