नरवाना। एसएस जैन सभा के तत्वावधान में पतराम नगर स्थित जैन स्थानक में चल रही भगवान महावीर कथा का मंगलवार को दसवां दिन श्रद्धा और भक्ति के साथ संपन्न हुआ। इसी अवसर पर स्थानक में भगवान महावीर की जयंती भी धूमधाम से मनाई गई।
कार्यक्रम के दौरान बाल कलाकारों ने मंच पर भगवान महावीर के जन्म से जुड़ा प्रसंग जीवंत रूप में प्रस्तुत किया। जिसने उपस्थित श्रद्धालुओं को भावुक कर दिया। प्रस्तुति में दिखाया गया कि महावीर के जन्म पर इंद्र देव सहित अनेक देवी-देवता उनके निवास स्थान पर पहुंचे और उन्हें गोद में उठाकर मंगल गीत गाए।
इंद्र देव द्वारा बाल महावीर को नगरी में घुमाने का दृश्य विशेष आकर्षण का केंद्र रहा। इससे पहले स्थानक में विराजमान जैन साध्वियों ने कथा के माध्यम से भगवान महावीर के अंतिम भावों का वर्णन किया।
संयम शिरोमणी जैन भारती महासाध्वी सुशीला कुमारी महाराज व युवा तपस्वनी सुषमा महाराज के सान्निध्य में अन्य साध्वियों ने भी श्रद्धालुओं को प्रवचन सुनाए। जैन साध्वी शुभिता महाराज ने अपने प्रवचन में कहा कि वर्धमान कुमार अनंत ज्ञानी और अनंत बलशाली थे।
उनके जीवन का प्रत्येक क्षण मानवता को यह संदेश देता है कि जैसा व्यवहार हम अपने लिए चाहते हैं, वैसा ही दूसरों के साथ भी करना चाहिए। उन्होंने बताया कि महावीर स्वामी ने सत्य, अहिंसा और अभय के मार्ग को अपनाकर समाज को नई दिशा दी।
सभा प्रधान नरेश जैन ने बताया कि महावीर कथा का आयोजन 2 अप्रैल तक जारी रहेगा। कार्यक्रम के समापन पर भंडारे का आयोजन किया गया। इस अवसर पर मंच संचालन रामनिवास जैन ने किया। सभा की ओर से बाल कलाकारों और युवाओं को सम्मानित भी किया गया।
कार्यक्रम में उचाना, बड़ौदा, बरेटा, दिल्ली और पंजाब सहित विभिन्न स्थानों से श्रद्धालु पहुंचे। इस मौके पर प्रधान नरेश जैन, राजेश जैन, प्रवीन जैन, संजय जैन, कृष्ण जैन, महावीर जैन व सतीश जैन मौजूद रहे।