13जेएनडी02: राजकीय महाविद्यालय में कार्यशाला में मौजूद विद्यार्थी। स्रोत संस्थान
जींद। राजकीय महाविद्यालय में मनोविज्ञान विभाग और नेशनल टास्क फोर्स के संयुक्त तत्वावधान में मेंटल वेलबीइंग (मानसिक स्वास्थ्य) के लिए साइकोलॉजिकल असेसमेंट विषय पर कार्यशाला का आयोजन हुआ। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को मानसिक स्वास्थ्य के महत्व और मनोवैज्ञानिक मूल्यांकन की उपयोगिता के प्रति जागरूक करना था।
प्राचार्य सत्यवान मलिक ने कहा कि किशोरों के संतुलित व्यक्तित्व विकास और बेहतर निर्णय क्षमता के लिए सही मार्गदर्शन एवं परामर्श अनिवार्य है। कार्यशाला को दो सत्रों में विभाजित किया गया था। प्रथम सत्र में राहुल ने विद्यार्थियों को विभिन्न मनोवैज्ञानिक परीक्षणों और उपकरणों के बारे में बताया।
विद्यार्थियों ने हैंड्स-ऑन प्रशिक्षण के माध्यम से स्वयं इन परीक्षणों को करना सीखा। द्वितीय सत्र में परामर्श पर जोर दिया गया। डॉ. प्रेम पूनम ने बताया कि किशोरावस्था के भावनात्मक बदलावों को समझने और तनाव प्रबंधन में मनोवैज्ञानिक आकलन मील का पत्थर साबित होता है।
वहीं डॉ. ज्योति लाडवाल ने सकारात्मक जीवन शैली और आत्म-बोध को सुखी जीवन की आधारशिला बताया। इस अवसर पर डॉ. संदीप, डॉ. मनजीत, ऋतु और दिनेश मौजूद रहे।