फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

दुकानदारों ने लगाया जाम, बस स्टैंड हटाने का विरोध

विज्ञापन
बस चलाने की मांग को लेकर नारेबाजी करते दुकानदार। विज्ञप्ति। - फोटो : Jind
विज्ञापन
जींद। नए बस स्टैंड से रोडवेज बसों का परिचालन शुरू होने के बाद पुराने बस स्टैंड के पास स्थित दुकानदारों को रोजगार की चिंता सता रही है। इसको लेकर शुक्रवार को पुराने बस स्टैंड के पास के दुकानदारों ने सांकेतिक रोड जाम कर रोष जताया। इसके बाद जींद के भाजपा विधायक डॉ. कृष्ण मिड्ढा को ज्ञापन सौंपा।
विज्ञापन

एक महीना पहले ही पुराने बस स्टैंड को पूरी तरह से बंद कर नए बस स्टैंड से बस चलानी शुरू कर दी गई हैं। इसके बाद पुराने बस स्टैंड और एसडी स्कूल के पास के दुकानदार शहर के अंदर से बस चलाने की मांग कर रहे हैं। शुक्रवार सुबह ही पुराना बस स्टैंड के दुकानदारों ने जयति जयति हिंदू महान संगठन के साथ मिलकर मार्केट के दुकानदारों ने गोहाना रोड पर सांकेतिक जाम लगाकर रोष जताया। दुकानदारों ने कहा कि गोहाना रोड की करीब 200 दुकानें हैं। इससे सैकड़ों परिवारों की रोजी-रोटी चल रही है। दुकानदार गोलू, मनोज, विजय, करतार व राममेहर ने बताया कि बस स्टैंड उठने के बाद यहां से बसों का परिचालन बंद हो गया है। ऐसे में दुकानदारों का काम धंधा पूरी तरह से ठप हो गया है। अब बाजार से लोग सीधा नए बस स्टैंड का रुख करते हैं। ऐसे में इन लोगों ने मांग की कि पुराने बस स्टैंड पर भी बस परिचालन की व्यवस्था हो।
विरोध में तीन घंटे बंद रखी दुकानें
दुकानदारों ने कुछ देर के लिए गोहाना रोड पर जाम लगाया और इस दौरान करीब तीन घंटे के लिए अपनी दुकानें बंद रख कर रोष जताया। इस मौके पर जयति जयति हिंदू महान संगठन के राष्ट्रीय संयोजक अतुल चौहान ने बताया कि नया बस स्टैंड चालू होने से बसें सफीदों रोड से होकर गुजरती हैं। पहले ये बसें एसडी स्कूल व गोहाना रोड से होकर निकलती थी। इसके कारण यहां के दुकानदारों का कामकाज बिल्कुल ठप हो चुका है। इस बारे डीसी जींद को ज्ञापन सौंप चुके हैं, लेकिन कोई समाधान नहीं हुआ। यहां के दुकानदारों व रेहड़ी लगाने वाले लोगों की आजीविका का साधन ही इन बसों में यात्रा करने वाले यात्री हैं। यह जीविका चलाने का मुद्दा है। प्रशासन को इस पर ध्यान देना चाहिए। सैकड़ों लोगों के रोजगार से जुड़े मामले में प्रशासन को गंभीरता से काम करना चाहिए। यदि इस पर ध्यान नहीं दिया गया तो बड़ा आंदोलन किया जाएगा।
विज्ञापन

छात्राओं के लिए आफत बनी व्यवस्था
पुराना बस स्टैंड बंद होने के कारण दुकानदारों के साथ-साथ छात्राओं को भी दिक्कत हो रही है। दरअसल राजकीय महिला कॉलेज और हिंदू कन्या कॉलेज बस स्टैंड के पास हैं। ऐसे में छात्राओं के अपने घर जाने के लिए पुराने बस स्टैंड से ही बस पकड़नी पड़ती है। यहां बस के लिए छात्राओं को घंटों धूप में इंतजार करना पड़ता है।
बॉक्स
पुराने बस स्टैंड से बस चलाने को लेकर दुकानदार मिले थे। मैंने भी एक दिन पहले यहां स्थिति देखी। छात्राओं को काफी परेशानी हो रही है। यह तय किया जा रहा है कि पटियाला चौक से बस स्टैंड की ओर जाने वाली सभी बसों का पुराने बस स्टैंड पर ठहराव सुनिश्चित किया जाए। इस बारे में रोडवेज के महाप्रबंधक से बात की है। अगले एक-दो दिन में मौका देखा जाएगा। इसके बाद एक जगह तय की जाएगी, जहां बस स्टैंड के पास सभी बसों का ठहराव सुनिश्चित हो।-डॉ. कृष्ण मिड्ढा, भाजपा विधायक जींद।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें