एसडीएम सत्यवान मान का तबादला हुए दस दिन से अधिक का समय बीच चुका है, लेकिन अभी तक जींद में कोई नया एसडीएम नहीं आया है। इससे लोगों को काफी परेशानी उठानी पड़ रही है। सबसे अधिक परेशानी नए वाहन खरीदने वालों को हो रही है। वाहनोें का पंजीकरण नहीं होने की वजह से लोगों को चालान कटने का डर सता रहा है। जिले में 500 से अधिक वाहनों का पंजीकरण अटका हुआ है तो 400 से अधिक लर्निंग और लाइट लाइसेंस का काम फंसा हुआ है।
दरअसल गैर व्यावसायिक वाहनों का पंजीकरण करने व गैर व्यावसायिक हल्के वाहनों को चलाने का लाइसेंस जारी करने का काम एसडीएम कार्यालय का होता है। यह सभी काम एसडीएम के हस्ताक्षर से होते हैं। वहीं एसडीएम की कुर्सी खाली होने से अब यह काम बाधित हो रहा है। इसके चलते लोग सरल केंद्र में अपने लाइसेंस व वाहन पंजीकरण के लिए आते तो हैं, लेकिन यहां गेट पर चस्पा किए गए नोटिस को पढ़कर ही वापस लौट जाते हैं।
काम छोड़कर आते हैं लोग
सरल केंद्र में वाहन पंजीकरण व चालक लाइसेंस के लिए लोग अपना काम छोड़कर आते हैं, लेकिन यहां अधिकारी नहीं होने के कारण वापस लौटना पड़ता है। जींद एसडीएम कार्यालय में जुलाना के लोगों को भी आना पड़ता है। ऐसे में दूर-दराज से आने वाले लोगों को निराशा ही हाथ लगती है।
एसडीएम स्तर के अधिकारी का पद खाली होने पर दूसरे अधिकारी को चार्ज देने की शक्तियां मंडलायुक्त के पास होती हैं। हिसार मंडल के आयुक्त का भी तबादला हुआ है और वह पद भी फिलहाल खाली है। ऐसे में सरकार को इसके लिखा गया है। अगले एक-दो दिन में नए अधिकारी मिलने की उम्मीद है।
डॉ. आदित्य दहिया, डीसी।
एक सप्ताह के बाद लगता है 300 रुपये जुर्माना
जिस दिन वाहन का बिल कट जाता है, उससे एक सप्ताह के अंदर ही पंजीकरण करवाना होता है। एक सप्ताह के बाद 300 रुपये जुर्माना लगता है। एक महीने तक यदि पंजीकरण नहीं होता है तो प्रतिदिन करीब 100 रुपये जुर्माने का प्रावधान है। पिछले करीब 10-15 दिन से पंजीकरण नहीं हो रहे हैं।
सचिन पंवार, पंवार टीवीएस।