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खेतों व गांव में भरे बारिश के पानी की निकासी नहीं होने पर लोगों ने लगाया जींद-रोहतक मार्ग पर जाम

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ग्रामीणों को आश्वासन देते तहसीलदार व थाना प्रभारी। - फोटो : Jind
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गांव करसोला के खेतों व गांव में भरे बरसाती पानी की निकासी नहीं होने से परेशान ग्रामीणों ने मंगलवार दोपहर 12 बजे जींद-रोहतक मार्ग पर जाम लगा दिया। सूचना पाकर जुलाना थाना प्रभारी समरजीत सिंह मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया लेकिन ग्रामीण नहीं माने तो तहसीलदार राकेश मलिक मौके पर पहुंचे और सिंचाई विभाग के एसडीओ को भी मौके पर बुलाया। अधिकारियों ने ग्रामीणों को जल्द पानी निकासी का आश्वासन दिया। इसके बाद अधिकारियों ने मौके का निरीक्षण भी किया। दो बजे ग्रामीणों ने जाम खोला। दो घंटे तक रोडवेज की 12 बसें समेत अनेक वाहन फंसे रहे।
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करसोला गांव के सरपंच राजपाल, रामफल, पवन व नरेंद्र ने बताया कि 15 दिनों से गांव में बारिश का पानी भरा हुआ है। समस्या के समाधान के लिए वह प्रशासनिक अधिकारियों के चक्कर काट चुके हैं लेकिन उनकी समस्या का समाधान नहीं किया। ग्रामीणों ने प्रशासन के उदासीन रवैये को देखते हुए जींद-रोहतक मार्ग पर जाम लगा दिया। सूचना पाकर जुलाना थाना प्रभारी समरजीत सिंह मौके पर पहुंचे और जाम को खुलवाने का प्रयास किया लेकिन ग्रामीण नही माने। जाम लगने के एक घंटे बाद जुलाना के तहसीलदार राकेश मलिक मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया लेकिन ग्रामीण पानी के निकासी के समाधान पर अड़ गए। इसके बाद मौके पर ही मैकेनिक और सिंचाई विभाग के एसडीओ को बुलाया गया और ग्रामीणों को अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि तुरंत मौके का मुआयना किया जाएगा और निकासी व्यवस्था की जाएगी। ग्रामीणों के साथ प्रशासनिक अधिकारी मौके का मुआयना करने पहुंचे तो ग्रामीण मान गए और दो घंटे बाद जाम खोल दिया।
जाम के दौरान एक एंबुलेंस भी फंस गई। ग्रामीणों ने तुरंत एंबुलेंस को रास्ता देकर निकाल दिया और फिर से जाम लगा दिया। जाम में दो घंटे तक रोडवेज की 12 बस फंसी रही। इस दौरान यात्री काफी परेशान नजर आए। कई निजी वाहन चालक भी ग्रामीणों से भिड़ते नजर आए।
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करसोला गांव में जलभराव का मुआयना किया गया है। जल्द ही निकासी व्यवस्था की जाएगी और स्पेशल गिरदावरी के लिए उच्चाधिकारियों को लिखा जाएगा। आदेश आते ही गिरदावरी करवा दी जाएगी। -राकेश मलिक, तहसीलदार जुलाना।
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