जींद। शहर में यात्रियों की सुरक्षा को लेकर प्रशासन ने सड़क किनारों पर सफेद पट्टी लगाने का काम शुरू कर दिया है। इसका उद्देश्य धुंध से होने वाले सड़क हादसों पर नियंत्रण करना है। धुंध में दृश्यता कम होने के कारण हर साल कई सड़क दुर्घटनाएं होती हैं। ऐसे में यह पहल वाहन चालकों को सड़क की दिशा पहचानने और सुरक्षित ढंग से ड्राइव करने में मदद करेगी।
डीसी मोहम्मद इमरान रजा ने हाल ही में रोड सेफ्टी को लेकर हुई बैठक में संबंधित विभागों के अधिकारियों को निर्देश दिए थे। उन्होंने कहा था कि धुंध के मौसम से पहले सभी मुख्य मार्गों पर रिफ्लेक्टिव सफेद पट्टियों और कैट-आई लगाने का काम पूरा किया जाए।
इसके साथ ही सड़कों के किनारे टूटी रेलिंग और खराब संकेतक बोर्डों की मरम्मत करने के भी आदेश दिए गए थे। इसको लेकर लोक निर्माण विभाग ने शहर की प्रमुख सड़कों पर मार्किंग का कार्य शुरू कर दिया है।
खासतौर पर हाईवे, मुख्य बाजार मार्ग और स्कूल-कॉलेजों के आसपास के रास्तों पर प्राथमिकता के आधार पर काम चल रहा है। वहीं रात के समय काम को तेज गति से किया जा रहा है ताकि ट्रैफिक प्रभावित न हो।
धुंध में वाहनों को दिखाएंगी रास्ता
दिसंबर में पड़ने वाली धुंध में सफेद पट्टियां वाहनों को रास्ता दिखाएंगी। सफेद पट्टियां रिफ्लेक्टिव पेंट से बनाई जा रही हैं जो वाहनों की हेडलाइट की रोशनी में चमकेंगी। इससे वाहन चालक धुंध में भी सड़क की सीमाएं स्पष्ट रूप से देख सकेंगे। प्रशासन का मानना है कि इस कदम से सर्दियों में होने वाले सड़क हादसों में उल्लेखनीय कमी आएगी।
कई मार्गाें से गायब सफेद पट्टी
दिसंबर शुरू होते ही धुंध में दस्तक दे दी। ऐसे में वाहन चालकों को सड़कों पर सफेद पट्टी के सहारे ही सफर तय करना पड़ेगा। फिलहाल शहर के गोहना रोड, सफीदों रोड, भिवानी रोड, रोहतक रोड, पटियाला चौक एरिया, नरवाना रोड, कैथल रोड, सफीदों बाईपास पर कई जगह सफेद पट्टी है। सफीदों रोड तो धुंध के दिनों में बेहद खतरनाक हो जाता है क्योंकि उस पर गर्मी के दिनों में भी ज्यादा हादसे होते हैं।
वर्जन
सड़कों पर सफेद पट्टी लगाने का काम शुरू कर दिया है। धुंध के मौसम से पहले यह कार्य पूरा कर लिया जाएगा।-मोहम्मद इमरान रजा, डीसी जींद