जींद। आंगनबाड़ी वर्कर्स एंड हेल्पर्स ने गोहाना रोड पर सोमवार को लघु सचिवालय के सामने पार्क में धरना दिया। इस दौरान उन्होंने राज्य की अभी भी बर्खास्त सात आंगनबाड़ी वर्करों एवं एक हेल्पर की बहाली के लिए मुख्यमंत्री के नाम सीडीपीओ सुलोचना को ज्ञापन सौंपा।
सीटू के राज्य उपाध्यक्ष का. रमेशचंद्र ने बताया कि प्रदेशभर की आंगनबाड़ी वर्कर एवं हेल्पर लंबेे समय से अपनी जायद मांगों को लेकर आंदोलनरत थी। विभागीय अधिकारियों और यूनियन पदाधिकारियों के बीच चार अप्रैल को समझौता हुआ था, जिसमें आश्वासन दिया गया था कि 10 से 12 दिन के अंदर तमाम बर्खास्त वर्कर-हेल्परों को बहाल कर दिया जाएगा, लेकिन आज तक भी सात वर्कर और एक हेल्पर को बहाल नहीं किया गया है, जिससे तमाम आंगनबाड़ी वर्कर तथा हेल्परों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। उन्होंने मांग की कि बर्खास्तगी की लिस्ट में बकाया सभी सात वर्करों और एक हेल्पर को तुरंत बहाल किया जाए। दिसंबर से पूरा मानदेय जारी हो, बकाया मानदेय का तुरंत भुगतान हो। आंदोलन के दौरान बने पुलिस मुकदमों को तुरंत रद्द किया जाए। पोषण ट्रेकर ऐप और ऑनलाइन लोकेशन पर जबरदस्ती काम बंद हो, मोबाइल फोन की राशि जारी की जाए। आंगनबाड़ी केंद्रों पर गैस सिलिंडर विभाग द्वारा भरवाकर दिए जाए। आंगनबाड़ी केंद्रों का स्वीकृत किराया जारी किया जाए।
इस अवसर पर पुष्पा, सतवंती, सुदेश देवी, मूर्ति, कमलेश, पवन देवी, कृष्णा, इंद्रो, सुनील, रेखा, राममूर्ति, सरोज, कमला लोहचब, विद्या, किन्नी, प्रमिला, ओमपति, सुमन, अनिता, दयालो, बीरमति, भतेरी, अंजू मौजूद रही।