09जेएनडी27- इफको केंद्र से ट्रॉली में खाद के बैग लेकर जाते हुए किसान। संवाद
नरवाना। खरीफ सीजन की फसल बुआई जोरों पर है लेकिन यूरिया खाद की भारी किल्लत ने किसानों की कमर तोड़ दी है। जिले के विभिन्न खाद केंद्रों पर रोजाना किसान घंटों लाइन में खड़े रहने के बावजूद खाली हाथ लौट रहे हैं। कहीं खाद नहीं है तो कहीं वितरण में घोटाले की आशंका किसानों की ओर से जताई जा रही है। किसान सुनिल, विक्रम और राममेहर का कहना है कि यदि समय पर यूरिया नहीं मिला तो फसलें चौपट हो जाएंगी।
उन्होंने कहा कि इससे पहले भी अब तक न डीएपी खाद मिला है जो धान की उपज बहाने में बेहद जरूरी है और अब यूरिया भी सही ढंग से मिल रहा, इसमें में भी कमी देखने को मिल रही है। किसानों ने कहा कि काफी किसान तो ऐसे भी हैं, जो निजी दुकानों से महंगे दामों पर खाद खरीदने की कोशिश करते हैं ताकि फसलों को बचाया जा सके लेकिन वहां पर भी खाद की उपलब्धता नहीं है।
किसानों ने कहा कि मंगलवार और बुधवार को भी नरवाना में मेला नई अनाजमंडी के सामने इफको की दुकान के बाहर खाद लेने आए किसानों की भीड़ लग गई। यहां काफी किसानों को खाद उपलब्ध नहीं हो पाया क्योंकि दुकान पर 2580 यूरिया खाद के बैग पहुंचे जो किसानों में दो दिन में वितरित कर दिए गए। किसानों का कहना है कि जो किसान खाद मिलने से वंचित रह गए उन किसानों को खाद कैसे उपलब्ध होगा।
धान की फसल में यही समय होता है जब खाद डाली जाती है जिससे फसल की अच्छी उपज होती है। यदि समय से खाद फसल में नहीं डाली गई तो फसल खराब हो जाएगी। किसानों ने कहा कि सरकार को किसानों की ओर ध्यान देने की जरूरत है ताकि किसान को कोई परेशानी नहीं आए।
नई अनाज मेला मंडी के सामने इफको खाद केंद्र पर खाद के 2550 बैग आए थे जो मंगलवार और बुधवार को वितरित कर दिए गए।
-देशराज, सेल्समैन इफको खाद केंद्र नरवाना।