जींद। डीआरडीए हॉल में जिला परिवेदना समिति की मासिक बैठक में अध्यक्ष बिजली मंत्री रणजीत सिंह चौटाला ने 16 शिकायतों को सुना। इसमें 14 शिकायतों का मौके पर ही समाधान किया गया। इस दौरान जींद नगर परिषद के ईओ सुशील कुमार के खिलाफ चार शिकायतें मिलीं। इसमें उनके द्वारा संतोषजनक जवाब नहीं दिया गया तो मंत्री ने उनको निलंबित कर विजिलेंस जांच के आदेश दिए। इसके अलावा सफीदों नर्सिंग कॉलेज की छात्राओं की प्राइवेट बस संचालकों की ओर से बस न रोकने व दुर्व्यवहार करने की शिकायत पर संज्ञान लेते हुए बस को इंपाउंड कर चालक व परिचालक पर एफआईआर दर्ज कर कार्रवाई करने के आदेश एसपी को दिए।
हरियाणा के बिजली मंत्री चौधरी रणजीत सिंह चौटाला ने सभी अधिकारियों को निर्देश दिए कि वह जन साधारण की आने वाली शिकायतों का त्वरित आधार पर समाधान करना सुनिश्चित करें। उन्होंने पुलिस अधीक्षक जींद को जिला में महिलाओं की सुरक्षा व शरारतीतत्वों से निपटने के लिए पार्क, महिला कॉलेज व अन्य विद्यालयों के सामने पीसीआर की निरंतर गश्त लगाने के निर्देश दिए। इसके अलावा मंत्री ने अधिकारियों को आमजन की समस्याओं का गंभीरता से समाधान करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अगर किसी अधिकारी के खिलाफ दो या तीन बार ऐसी शिकायत मिलती हैं, जिसमें वह आमजन की समस्याओं का समाधान करने में लापरवाही बरत रहे हैं। उस अधिकारी के खिलाफ वह कड़ी कार्रवाई करेंगे। बैठक के बाद मंत्री से लगभग 50 लोगों ने शिकायत दी। इसमें उन्होंने सभी शिकायतों को संबंधित विभागों के अधिकारियों को देकर उनका समाधान करने के निर्देश दिए। इस अवसर पर एडीसी डॉ. हरीश वशिष्ठ, एसपी सुमित कुमार, जिला परिषद के सीईओ वीरेंद्र सहरावत, नगरायुक्त सुरेंद्र बेनिवाल, शुगर मिल के एमडी प्रवीण कु मार, नरवाना एसडीएम अनिल दून, सफीदों एसडीएम सत्यवान सिंह मान मौजूद रहे।
अवैध तरीके से मकान का नक्शा पास करने के लगाए थे आरोप
मंत्री ने जिस मामले में नगर परिषद के ईओ को निलंबित किया। उसमें गांधी नगर निवासी विपिन जैन ने नगर परिषद के ईओ पर उनके पड़ोस में बनाए गए अवैध मकान के निर्माण को शिकायत देने के बावजूद भी नहीं रोकने व बाद में गलत तरीके से नक्शे को पास करने के आरोप लगाए थे। इसको मंत्री ने गंभीरता से लेते हुए नगरपरिषद जींद के ईओ सुशील कुमार के निलंबन व इस मामले में विजिलेंस जांच के आदेश दिए।
एक व्यक्ति ने ईओ पर लगाए थे बदसलूकी कर कार्यालय से बाहर निकालने के आरोप
नगर परिषद के ईओ के खिलाफ शहर के एक प्रॉपर्टी डीलर ने आरोप लगाए थे कि वह प्लाट की रजिस्ट्री से संबंधित काम से कार्यालय में गया था। इस कार्य के लिए वह कई बार चक्कर काट चुका था, लेकिन उसको कोई संतोषजनक जवाब नहीं दिया गया। इसको लेकर उन्होंने सीट पर मौजूद कर्मचारी के जवाब का वीडियो बनाया तो, इस पर कर्मी ने इसकी शिकायत ईओ को दी। ईओ ने किसी कर्मचारी को बुलाकर कहा कि इसको धक्के मारकर बाहर निकालो। इसके अलावा भी उसके साथ बदसलूकी की गई। ईओ ने उसकी शिकायत थाने में दी, लेकिन वीडियो में पूरी गलती ईओ व उसके कर्मियों की निकली जिसके चलते उस पर मामला दर्ज होने से बचा। इस मामले में मंत्री ने कार्यालय में जाकर वीडियो नहीं बनाने व नगर परिषद के ईओ को अपना रवैया सुधारने के निर्देश दिए।
फोटो कैप्शन
30जेएनडी04 : मंत्री के सामने अपना पक्ष रखते नगर परिषद ईओ सुशील कुमार। संवाद