संवाद न्यूज एजेंसी
जींद। लघु सचिवालय में बुधवार को एडीसी प्रदीप कुमार ने निर्देश दिए कि धुंध के मौसम में सड़क सुरक्षा को लेकर सावधानी बरतें। सड़कों पर डायवर्जन, स्लो-स्पीड संकेतक, ब्लिंकर, स्पीड ब्रेकर, सफेद पट्टी की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
उन्होंने कहा कि जहां कहीं भी पेड़ या झाड़ियां सड़क पर दृश्यता कम कर रही हैं उनकी समय पर छंटाई करवाई जाए। सभी रोड मेंटेनेंस अथॉरिटीज को निर्देश दिए गए कि खराब हो चुकी सफेद पट्टी तुरंत रिन्यू करवाया जाए। टर्निंग पॉइंट्स पर रिफ्लेक्टर लगाए जाएं व पेड़ों के तनों पर भी रिफ्लेक्टर लगाए जाएं ताकि रात और धुंध के समय दुर्घटनाओं से बचा जा सके।
एडीसी ने निर्देश दिए कि यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के चालान किए जाएं। बिना हेलमेट, गलत दिशा में वाहन चलाने, ओवरटेकिंग करने व ओवरलोड वाहनों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाए। उन्होंने यह भी सुनिश्चित करने को कहा कि किसी भी वाहन पर ब्लैक शीशे न लगे हों।
स्कूल बसों की सुरक्षा पर विशेष जोर देते हुए कहा कि टीचिंग आवर्स के दौरान स्कूल बसों की नियमित जांच की जाए। आरटीओ टीम को निर्देश दिए गए कि सप्ताह में कम से कम दो स्कूलों की बसों की जांच अवश्य की जाए। स्कूल वाहन नीति के तहत ड्राइवर का वैध लाइसेंस, ड्रिंकिंग हैबिट्स, अटेंडेंट की उपलब्धता, वाहन की स्थिति, फर्स्ट एड बॉक्स सहित सभी सुरक्षा मानकों की जांच सुनिश्चित की जाए।
उन्होंने कहा कि अधिकारी केवल कागजी कार्रवाई तक सीमित न रहें बल्कि फील्ड में जाकर व्यावहारिक रूप से कार्य करें, क्योंकि यह आम नागरिकों और बच्चों की सुरक्षा का विषय है। विशेष रूप से यह सुनिश्चित किया जाए कि कोई भी ड्राइवर नशे की हालत में वाहन न चलाए व अटेंडेंट बच्चों के सुरक्षित उतरने-चढ़ने तक सतर्क रहे।
अंत में पिछली बैठक के एजेंडा की समीक्षा करते हुए एडीसी ने कहा कि जहां कहीं पेचवर्क, रिफ्लेक्टर, ब्रेकर, फुटपाथ या सड़क मरम्मत की आवश्यकता है, उसे शीघ्र पूरा किया जाए। जलभराव की समस्या वाले स्थानों पर संबंधित विभाग समाधान सुनिश्चित करें। उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि बैठक में लिए गए निर्णयों की एटीआर अगली बैठक में प्रस्तुत की जाए। इस दौरान एसडीएम सत्यवान मान, डीएमसी सुरेंद्र सिंह, डीडीपीओ संदीप भारद्वाज, डीएफओ पवन ग्रोवर, एक्सईएन पीएचईडी भानुप्रताप मौजूद रहे।
हाईवे पर पानी छोड़ने वालों को दिए जाएंगे नोटिस
एडीसी ने उचाना क्षेत्र में एनएच-352 पर जमा गंदे पानी की समस्या को लेकर संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पानी की निकासी तुरंत करवाई जाए व नालों में गंदा पानी छोड़ने वालों को नोटिस जारी किए जाएं। सड़क पर जलभराव से न केवल यातायात बाधित होता है, बल्कि सड़क के शीघ्र क्षतिग्रस्त होने की भी संभावना बनी रहती है।