जींद। हाईकोर्ट ने पॉक्सो एक्ट के मामले में आरोपी की जमानत मंजूर कर दी है। आरोपी एक साल एक महीना और 17 दिन जेल में रहा है।
अदालत में चले अभियोजन के अनुसार, शहर की एक कॉलोनी की 15 वर्षीय नाबालिग ने महिला थाना में दर्ज एफआईआर में बताया था कि उसकी मां और दालमवाला निवासी करतार सिंह शहर के एक निजी अस्पताल में कार्यरत हैं। करतार सिंह का उनके घर पर आना जाना रहता है।
आरोपी उसके स्कूल जाने के बाद मां से मिलने उनके घर आता था। उसने आरोपी और अपनी मां को आपत्तिजनक हालत में देखा लिया था। इसके बाद उसने अपनी मां से कहा, आप इसे घर मत भुलाया करो। यह आदमी सही नहीं है।
शिकायत में बताया कि 23 मार्च 2025 को वह घर पर अकेली थी तो करतार सिंह घर आया और उसने उसके साथ छेड़छाड़ कर दुराचार करने की कोशिश की। विरोध करने पर आरोपी जान से मारने की धमकी देकर भाग गया।
घटना के बारे में जब उसने अपनी मां को बताया तो उसे ही धमकाया। फिर मां ने कहा कि करतार सिंह को उसने ही तुम्हारे पास भेजा था। इस पर पुलिस ने करतार सिंह और पीड़िता की मां के खिलाफ पॉक्सो एक्ट सहित अन्य धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज कर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया था।
बाद में पीड़िता की मां को जमानत मिल गई थी। जांच में सामने आया कि नाबालिग अपनी मां और करतार सिंह के बीच रिश्ते से नाखुश थी। इसलिए उसने झूठे आरोप लगाए थे।