अलेवा। नगूरां गांव में जींद-असंध मार्ग पर स्थित ज्यूणा वाले तालाब व नालों के ओवरफ्लाे होने के कारण गंदा पानी सड़क पर ठहरा हुआ है। इसके कारण दोपहिया वाहन चालकों और पैदल चलने वाले लोगों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। पानी ठहरने के कारण मच्छरों का भी प्रकोप बढ़ा है।
जिला प्रशासन के आलाधिकारी करीब एक साल से अमृत सरोवर योजना के तहत इस तालाब का टेंडर होने की बात कह रहे हैं, लेकिन ठेकेदार को बार-बार पत्र लिखने के बावजूद भी इस तालाब की तरफ ध्यान नहीं दिया जा रहा है। इसके कारण ग्रामीणों में जिला प्रशासन के व सरकार के खिलाफ रोष है। नगूरां निवासी प्रकाश, संजीव, विकास, संदीप, रामकेश, भीम व कुलदीप ने बताया कि नगूरां गांव में जींद-अंसध मार्ग पर नालों का गंदा पानी ओवरफ्लो होकर सड़क पर पहुंच रहा है। इसके कारण यहां पर हादसों का डर रहता है। इसके लिए ग्रामीणों ने डीसी व संबंधित विभाग के अधिकारियों से भी मुलाकात की है, लेकिन समस्या का कोई समाधान नहीं हुआ। अधिकारियों की लापरवाही भी हादसों का इंतजार कर रही है।
एक साल पहले सुंदरीकरण का हुआ था टेंडर
नगूरां सरपंच प्रतिनिधि कुलदीप ने बताया कि इस तालाब का करीब एक साल पहले सुंदरीकरण का टेंडर हुआ था। इसके बावजूद आज तक भी ठेकेदार काम शुरू करने के लिए नहीं आया। तालाब और इसके साथ लगते नालों का पानी ओवरफ्लो होकर सड़क पर पहुंच रहा है। इसके कारण आए दिन गंदे पानी में वाहन फिसलने से दुर्घटनाएं हो रहीं हैं।
करीब एक साल पहले इस तालाब के सुंदरीकरण का टेंडर जारी हो चुका है। ठेकेदार काम नहीं कर रहा है। इसके लिए टेंडर रद्द करवाने के लिए पत्र लिखा जाएगा और दोबारा से टेंडर की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। इस समय तक अस्थाई रूप से पानी निकासी की व्यवस्था की जाएगी, ताकि लोगों को किसी परेशानी का सामना न करना पड़े।
-अक्षयदीप चौहान खंड विकास एवं पंचायत अधिकारी अलेवा