टीम ने पटवारी नितिन को काबू कर उसके कब्जे से रिश्वत की राशि बरामद कर ली। राज्य विजिलेंस ब्यूरो ने पटवारी के खिलाफ भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया है।
हरियाणा के जींद में राज्य विजिलेंस ब्यूरो ने नेशनल हाईवे में एक्वायर की गई जमीन की मुआवजा फाइल आगे भेजने की एवज में दो हजार रुपये रिश्वत लेते हुए राजस्व विभाग के पटवारी को काबू किया है। राज्य विजिलेंस ब्यूरो ने पटवारी के खिलाफ भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर पूछताछ शुरू कर दी है।
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गांव हथो निवासी राजेश ने राज्य विजिलेंस ब्यूरो को शिकायत दी थी कि वर्ष 2016 में हिसार-चंडीगढ़ नेशनल हाईवे का विस्तार हुआ था। इसके लिए उसकी जमीन एक्वायर हुई थी। इस जमीन की मुआवजा फाइल को आगे भेजने की एवज में जिला राजस्व विभाग ब्रांच का पटवारी नितिन दो हजार रुपये की रिश्वत मांग रहा है और फाइल को पिछले काफी समय से दबाए बैठा है।
शिकायत के आधार पर डीएसपी कमलजीत के नेतृत्व में छापामार टीम का गठन किया गया। इसमें एएसआई बलजीत, एएसआई कमलजीत, सिपाही संजय, सोनू, पंकज, जगबीर को शामिल किया गया। ड्यूटी मजिस्ट्रेट जिला वेलफेयर अधिकारी नरेंद्र सिंह को नियुक्त किया गया।
टीम ने शिकायतकर्ता राजेश को चार नोट 500-500 रुपये के ड्यूटी मजिस्ट्रेट से हस्ताक्षर करवाकर तथा पाउडर लगाकर दे दिए। संपर्क साधने पर पटवारी नितिन ने शिकायतकर्ता राजेश को तहसील कार्यालय उचाना के पास बुला लिया। राशि सौंपे जाने का इशारा मिलते ही टीम ने पटवारी नितिन को काबू कर उसके कब्जे से रिश्वत की राशि बरामद कर ली।
पटवारी के हाथ धुलवाए जाने पर उनका रंग लाल हो गया। राज्य विजिलेंस ब्यूरो ने पटवारी नितिन के खिलाफ भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर पूछताछ शुरू कर दी।