फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

भारतीय किसान यूनियन ने मांगों को लेकर किया प्रदर्शन

विज्ञापन
तहसीलदार मनोज कुमार को ज्ञापन सौंपते हुए भाकियू नेता। - फोटो : Jind
विज्ञापन
भारतीय किसान यूनियन ने मांगों को लेकर प्रदर्शन करते हुए तहसीलदार मनोज कुमार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नाम ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन के माध्यम से भाकियू ने देश के किसानों की स्थिति सुधारने के लिए 15 लाख करोड़ रुपये का आर्थिक पैकेज देने की मांग की गई।
विज्ञापन

भाकियू के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष रामफल कंडेला ने कहा कि लॉकडाउन के कारण किसान आज भारी संकट से जूझ रहा है। इसका सीधा प्रभाव खरीफ की बुआई पर पड़ रहा है। सरकार ने भी किसानों की कोई सीधी आर्थिक मदद नहीं की है। सरकार ने वन नेशन वन मंडी, आवश्यक वस्तु अधिनियम में बदलाव, कॉन्ट्रैक्ट फार्मिंग अध्यादेश तथा प्रस्तावित विद्युत संशोधन विधेयक लाकर किसान की कमर तोड़ दी है।
छज्जू राम कंडेला व रामफल गुलकनी ने कहा कि पेट्रोल व डीजल की कीमतें आसमान छू रही हैं। इससे किसानों को खेती करने में काफी मुश्किलें हो रही हैं। बारिश नहीं होने के कारण फसलों की सिंचाई नहीं हो पा रही है। वहीं ट्यूबवेल से पानी चलाने पर डीजल का प्रयोग करना पड़ता है। डीजल की कीमत आसमान छू रहे हैं। इसके चलते किसानों को काफी नुकसान हो रहा है। वहीं सरकार सब्जी, दुग्ध उत्पादकों, मधुमक्खी पालन, मछली पालन किसानों के लिए केंद्र 15 लाख करोड़ रुपये का आर्थिक पैकेज तत्काल घोषित करने व किसान सम्मान निधि को छह हजार रुपये से बढ़ाकर 24 हजार रुपये करने की मांग को पूरा करे। इसके अतिरिक्त न्यूनतम समर्थन मूल्य को कानून के दायरे में लाकर मंडियों में किसान की लूट को रोका जाए। फसल खरीद कानून व पूरा उत्पाद खरीद कानून को प्रस्ताव लाकर पहले की तरह लागू किया जाए। किसानों के पिछले एक साल के कर्ज माफ किए जाए। कृषि उत्पादों को जीएसटी के दायरे से बाहर किया जाए। फसलों की बकाया पेमेंट जारी की जाए। लंबित 80 हजार ट्यूबवेल के कनेक्शन जारी करने के बिजली निगम का पोर्टल खोला जाए। खालों व राजबाहों की सफाई समय रहते की जाए, जिससे टेल तक नहरी पानी पहुंच सके। सहकारी पैक्सों की दवाई व खाद बिक्री के लाइसेंस का नवीनीकरण किया जाए। इस मौके पर कुलदीप शाहपुर, वीरभान कालवन, तेलूराम, अनिल पोकरीखेड़ी, रामराजी ढुल और तेलूराम मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें