जींद। महाराजा शूरसेन जयंती पर रविवार को नारनौल में हुए राज्यस्तरीय कार्यक्रम में जींद डिपो से 49 बस भेजी गई। इसके कारण लंबे के अलावा लोकल रूटों पर भी आवागमन बाधित रहा। इससे यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
नारनौल में कार्यक्रम को लेकर सिरसा, डबवाली, कुरुक्षेत्र सहित डाहौला, खरैंटी, अलेवा, जुलाना, शामलो, रामकली और उगालन जैसे रूट पर बसों का संचालन बाधित रहा। वहीं दूसरी ओर अर्जुन स्टेडियम में बंदा सिंह बहादुर प्रकोशोत्सव के उपलक्ष्य में 79वां वार्षिक धार्मिक दीवान कार्यक्रम का आयोजन किया गया था।
शहर में श्रद्धालुओं की सुरक्षा को रखते हुए हांसी, नरवाना और असंध रूट पर चलने वाली परिवहन समिति की बसों को भी बस स्टैंड से फ्लाईओवर से होते हुए भेजा गया जबकि अन्य दिनों में हांसी, असंध और नरवाना रूट की बसें बस स्टैंड से चलकर गोहाना रोड होते हुए लघु सचिवालय, नागरिक अस्पताल, पुराना बस स्टैंड, एसडी स्कूल, रुपया चौक, सब्जी मंडी मोड़ होते हुए पटियाला चौक से आगवामन करती हैं।
इससे पहले भी 14 नवंबर को राई में आयोजित दादा कुशाल सिंह दहिया का बलिदान दिवस संत महापुरुष सम्मान एवं विचार प्रसार योजना कार्यक्रम में डिपो से 35 बस गई थी। जींद डिपो में फिलहाल रोडवेज बसों की संख्या लगभग 170 हैं। परिवहन समिति की बसों की संख्या 162 हैं। जींद डिपो की बसों में हर रोज लगभग 15 हजार यात्री सफर करते हैं।
जिलेभर में अलग-अलग रूटों पर 162 प्राइवेट बसें दौड़ रही हैं। इनमें नरवाना रूट पर 31, असंध रूट पर 16, गोहाना और बरवाला रूट पर 19, हांसी रूट पर 26, पुंडरी रूट पर तीन, जींद से पानीपत रूट पर 26, पिल्लूखेड़ा से रोहतक रूट पर पांच, नरवाना से हांसी रूट पर पांच, नरवाना से कैथल रूट पर 24 और नरवाना से हिसार रूट पर 20 निजी बसें शामिल हैं। रविवार को ग्रामीण क्षेत्र के साथ परिवहन समिति की बस भी फ्लाईओवर से होते हुए भेजी गई।
वर्जन
नारनौल में हुए कार्यक्रम में 49 बस भेजी गईं। इससे ग्रामीण रूट पर बसों का संचालन बाधित था। वहीं अर्जुन स्टेडियम में धार्मिक दीवान कार्यक्रम को लेकर हांसी, असंध और नरवाना रूट की बसों को फ्लाईओवर से भेजा गया था। -सुनील पूनिया, डीआई, बस स्टैंड जींद