संवाद न्यूज एजेंसी
बहादुरगढ। अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक दिवस के उपलक्ष्य में हरियाणा तैराकी संघ ने एचएल सिटी के चैंपियंस एक्वेटिक एकेडमी के स्विमिंग पूल पर मोटिवेशनल तैराकी प्रतियोगिता का आयोजन किया।
ग्रुप 5 से लेकर सीनियर ग्रुप के तैराकों ने स्वस्थ प्रतिस्पर्धा के माहौल में प्रतियोगिता में भाग लिया और मेडल भी हासिल किए हैं। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) जालंधर के सहायक निदेशक विकास खत्री इस मौके पर मुख्यातिथि के तौर पर मौजूद रहे। उन्होंने विजेता तैराकों को मेडल पहनाकर उज्जवल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दी।
हरियाणा तैराकी संघ के महासचिव अनिल खत्री ने सिटी बजाकर इवेंट्स की शुरुआत करवाई। 50 मीटर फ्री स्टाइल इवेंट्स में विजेता प्रतिभागियों को मेडल भी दिए गए।
अनिल खत्री ने बताया कि 23 जून 1894 को अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक समिति की स्थापना हुई थी और 23 जून 1948 को पहली बार ओलंपिक दिवस मनाया गया था।
उन्होंने बताया कि विश्व की सबसे बड़ी खेल प्रतियोगिता ओलंपिक है और सभी खिलाड़ियों का मकसद ओलंपिक में मेडल हासिल कर देश, प्रदेश और अपने माता पिता का गौरव बढ़ाने का होता है।
उन्होंने कहा कि युवाओं और खिलाड़ियों को खेलों से जोड़ने, अनुशासन में रहकर स्वस्थ प्रतिस्पर्धा करते हुए अपनी क्षमताओं में इजाफा करने को इस तरह के प्रयास फलदायी होते हैं। युवाओं को ऐसी प्रतियोगिताओं में जरूर भाग लेना चाहिए।
इसलिए हरियाणा ओलंपिक संघ के अध्यक्ष मीनू बेनीवाल ने इस बार सभी खेल संघों को ओलंपिक दिवस पर खेल आयोजन करने के दिशा निर्देश दिए थे। उन्होंने कहा कि हरियाणा तैराकी संघ तैराकों को बेहतर माहौल, बेहतर सुविधाएं और बेहतर कोच उपलब्ध करवा रहा है ताकि हरियाणा के तैराक आगे चलकर ओलंपिक तैराकी में भी देश के लिए मेडल ला सके।
हरियाणा तैराकी संघ के बेहतर प्रयास और प्रोत्साहन के चलते हरियाणा की एक बेटी तैराकी में ओलंपिक में भाग ले चुकी है। अनिल खत्री ने बताया कि तैराकी संघ के अध्यक्ष और भिवानी महेंद्रगढ़ से सांसद धर्मबीर सिंह भी उन्हें तैराकों को टेक्निकल स्पोर्ट और सुविधाओं को लेकर लगातार निर्देश देते रहते हैं।
इस मौके संघ के सदस्य सुरेश जून, देशी ढाणी के निदेशक सुनील खत्री, तैराकी कोच साई जाधव, पदमपाल, कृष्ण मुरारी, विशाल और बंटी मौजूद रहे।
-फोटो 54 : अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक दिवस पर मोटिवेशनल प्रतियोगिता में भाग लेते तैराक। स्रोत एकेडमी- फोटो : संवाद