फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

अमृत मित्रा योजना: प्रदेश के 15 शहरों किया चयनित, स्वयं सहायता समूह करेगा पेयजल सैंपलिंग व सप्लाई की मॉनिटरिंग

Sat, 02 Mar 2024 10:51 AM IST
नवीन दलाल संवाद न्यूज एजेंसी, झज्जर (हरियाणा)

सार

हरियाणा में जिन शहरों की आबादी 2.5 लाख से अधिक होगी, वहां स्वयं सहायता समूह प्रत्येक दिन 30 सैंपल विभाग की लैब में टेस्ट के लिए भेजेंगे। वहीं, जिन शहरों की आबादी 2.5 लाख से कम है, वहां प्रतिदिन 15 सैंपल विभाग की लैब पर टेस्ट के लिए देंगे।
विज्ञापन
आर्यनगर में सर्वें करते हुए बीआरसी मीनू वत्स की टीम - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

प्रदेश के 15 शहरों में अब जन स्वास्थ्य विभाग की ओर से सप्लाई किए जाने वाले पानी की सैंपलिंग और पेयजल सुविधाओं की मॉनिटरिंग का काम स्वयं सहायता समूह की महिलाएं करेंगी। जन स्वास्थ्य विभाग ने प्रदेश के 15 शहरों को जनसंख्या के आधार पर विभाजित कर इन शहरों में पेयजल की सैंपलिंग और मॉनिटरिंग का काम स्वयं सहायता समूहों को सौंपने का निर्णय लिया है।

विज्ञापन


इस योजना में हिसार, करनाल, पानीपत, रोहतक, यमुनानगर, अंबाला, जींद, थानेसर, सिरसा, कैथल, कालका, रेवाड़ी, नारायणगढ़, झज्जर और नरवाना शहरों का चयन किया गया है। इसमें हिसार, करनाल, पानीपत, रोहतक, यमुनानगर, अंबाला शहरों को 2.5 लाख से ज्यादा आबादी वाले और जींद, थानेसर, सिरसा, कैथल, कालका, रेवाड़ी, नारायणगढ़, झज्जर और नरवाना शहरों को 2.5 लाख से कम आबादी वाले शहरों की श्रेणी में रखा गया है।

जिन शहरों की आबादी 2.5 लाख से अधिक होगी, वहां स्वयं सहायता समूह प्रत्येक दिन 30 सैंपल विभाग की लैब में टेस्ट के लिए भेजेंगे। प्रतिदिन 10 लीकेज की पहचान कर विभाग के अधिकारियों को सूचित किया जाएगा। इसके साथ ही 10 खराब कनेक्शन चिन्हित कर विभाग को सूचित करेंगे, जिस पर विभागीय अधिकारियों द्वारा आवश्यक कार्रवाई की जा सकेगी।
विज्ञापन


जिन शहरों की आबादी 2.5 लाख से कम है, वहां स्वयं सहायता समूह प्रतिदिन 15 सैंपल विभाग की लैब पर टेस्ट के लिए देंगे। इसके अलावा प्रतिदिन 5 लीकेज की पहचान कर विभाग के अधिकारियों को सूचित करेंगे। इसके साथ ही 5 खराब कनेक्शन चिन्हित कर विभाग को सूचित करेंगे, इस पर विभागीय अधिकारियों द्वारा आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।

अधिकारी के अनुसार
चयनित स्वयं सहायता समूह को ट्रेनिंग दी जाएगी। अमृत-2 योजना के तहत शहर में न केवल पेयजल आपूर्ति व सीवरेज व्यवस्था को सुदृढ़ किया जाएगा, बल्कि आमजन को पेयजल संरक्षण, जल शुद्धता जांच, लीकेज फ्री व खराब कनेक्शन के प्रति जागरूक किया जाएगा। -अमित श्योकंद, अधीक्षक अभियंता, झज्जर।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें