लोकसभा चुनाव के लिए हरियाणा कांग्रेस चुनाव समिति का गठन हो गया है। उम्मीदवारों के नामों की सिफारिश करने के लिए गठित इस 12 सदस्यीय समिति से जहां केंद्रीय मंत्री कुमारी सैलजा और वरिष्ठ पार्टी नेता चौधरी बीरेंद्र सिंह जैसे नाम गायब हैं, वहीं शामिल किए गए सभी सदस्य मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा के करीबी माने जाते हैं। उम्मीदवार चयन प्रक्रिया तय करने के लिए समिति की पहली बैठक भी 21 जनवरी को बुला ली गई है।
सूत्रों के अनुसार, चुनाव समिति में मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष फूलचंद मुलाना, पानीपत के विधायक और पूर्व प्रदेश अध्यक्ष बलबीर पाल शाह, राज्यसभा सदस्य और पूर्व प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष डॉ. रामप्रकाश, पूर्व मंत्री और अंबाला के विधायक विनोद शर्मा, राज्यसभा सदस्य शादी लाल बत्तरा, बिजली मंत्री कैप्टन अजय यादव, उद्योग मंत्री रणदीप सिंह सुरजेवाला, शिक्षा मंत्री गीता भुक्कल, शहरी स्थानीय निकाय मंत्री सावित्री जिंदल, परिवहन मंत्री आफताब अहमद और पूर्व संसदीय सचिव राजकुमार वाल्मीकि शामिल हैं। वाल्मीकि कुमारी सैलजा के धुर विरोधी होने के साथ-साथ अंबाला लोकसभा सीट से कांग्रेस के टिकट के दावेदार भी हैं।
नवगठित समिति के दो सदस्य कैप्टन अजय यादव अपने बेटे चिरंजीव राव के लिए गुड़गांव लोकसभा सीट से टिकट मांग रहे हैं जबकि एक अन्य सदस्य आफताब अहमद भी गुड़गांव लोकसभा सीट से टिकट मांग रहे हैं। सावित्री जिंदल के बेटे नवीन जिंदल कुरुक्षेत्र से दो बार से सांसद हैं। मुख्यमंत्री हुड्डा के बेटे दीपेंद्र हुड्डा भी रोहतक से दो बार सांसद हैं।
विरोधियों को ऐसे रखा समिति से दूर
हरियाणा कांग्रेस चुनाव समिति की खास बात यह भी कि इसमें लोकसभा और राज्यसभा के किसी भी मौजूदा सांसद को सदस्य के रूप में शामिल नहीं किया गया है।
इस तरह अंबाला से लोकसभा सांसद कुमारी सैलजा को समिति में जगह नहीं दी गई, वहीं मगर राज्यसभा सदस्यों में चौधरी बीरेंद्र सिंह और ईश्वर सिंह को भी समिति से बाहर रखा गया। इन दोनों नेताओं की गिनती भी मुख्यमंत्री हुड्डा के विरोधियों में होती रही है।
मुलाना बोले, सभी सदस्यों के नाम याद नहीं
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष फूलचंद मुलाना ने अमर उजाला को बताया कि 21 जनवरी को प्रदेश चुनाव समिति की बैठक चंडीगढ़ में बुलाई है। हरियाणा प्रभारी डॉ. शकील अहमद भी बैठक में पहुंच सकते हैं।
बैठक में लोकसभा उम्मीदवारों की चयन प्रक्रिया पर चर्चा होगी। समिति सदस्यों के बारे में पूछने पर मुलाना ने कहा कि मौखिक तौर पर उन्हें याद नहीं है मगर उसमें एक दर्जन सदस्य शामिल हैं।