बालसमंद (हिसार)। प्रदेशभर में ऑनलाइन सेवाओं को सरल और सुगम बनाने के उद्देश्य से सरकार की ओर से सात साल पहले शुरू सरल पोर्टल पर आवेदन बढ़ने से ठप हो गया है। सरल पोर्टल से 59 विभागों की 773 सेवाओं और योजनाओं को समयबद्ध उपलब्ध कराने के बड़े-बड़े दावे किये जाते हैं, लेकिन सरल पोर्टल राजस्व विभाग की जाति प्रमाणपत्र के आवेदनों में ही ठप हो गया। कभी-कभी पोर्टल जीवित लोगों के मृत्यु प्रमाण पत्र मांगता है।
दो घंटे में बनने वाला जाति प्रमाणपत्र दस दिन से जारी नहीं हुआ है। गौरतलब है कि वर्ष 2018 में प्रदेश सरकार ने डिजिटल इंडिया को बढ़ावा देने व ऑनलाइन सेवाएं आमजन को एक ही छत के नीचे और कागजी प्रक्रिया आसान करने के उद्देश्य से सरल पोर्टल का शुभारंभ किया था। समय-समय पर सरल पोर्टल में सर्विस जुड़ती रही है और हर सेवा के लिए एक निर्धारित समय तय किया गया।
गत दिनों परिवार पहचान पत्र के आगमन से इनकम सर्टिफिकेट और जाति प्रमाण पत्र की प्रक्रिया को पेपरलेस किया गया। इसमें स्वयं फैमिली आईडी से नागरिक अपने सर्टिफिकेट डाउनलोड कर सकता है। सीईटी के लिए एक अप्रैल 2025 के बाद का जाति प्रमाण पत्र मांगा गया तो सरल पोर्टल पर रोजाना लाखों आवेदकों ने अपना जाति प्रमाण पत्र अप्लाई करना चाहा तो सरल पोर्टल ठप हो गया।
टेक्निकल टीम पोर्टल पर 10 दिन बाद भी कोई सुधार नहीं कर पाया। रविवार को भी सरल पोर्टल बार बार लॉग आउट हो रहा था, जिससे आमजन को भारी परेशानियां हुईं। संवाद
सीईटी आवेदन के चार दिन शेष
प्रदेशभर में तीन वर्ष बाद सीईटी परीक्षा के लिए चल रहे पंजीकरण के आवेदन की अंतिम तिथि 12 जून निर्धारित की गई है। आवेदन फॉर्म में जाति प्रमाणपत्र 1 अप्रैल 2025 के बाद का मांगा गया। सरल पोर्टल पर जाति प्रमाणपत्र के आवेदनों की संख्या बढ़ने से प्रमाण पत्र जारी नहीं हो रहे हैं और सीईटी आवेदन करने के चार दिन बचे हैं।
अचानक से सीईटी आवेदन के लिए जाति प्रमाणपत्र के आवेदकों की संख्या बढ़ने से सरल पोर्टल में टेक्निकल दिक्कतें आई हैं। पोर्टल पर टेक्निकल टीम लगातार सुधार कर रही है।
- विकास वर्मा, सीएससी, जिला प्रबंधक हिसार।