हिसार। हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय (एचएयू) के इंजीनियरिंग कॉलेज के विद्याथियों को काफी बड़ी राहत मिली है। अब इस कॉलेज से बीटेक व एमटेक एग्रीकल्चर करने वाले विद्यार्थी एडीओ मृदा संरक्षण के पद के लिए आवेदन कर सकेंगे। हरियाणा सरकार से यह नियम लागू करवाने के एग्रीकल्चर इंजीनियरिंग कॉलेज के विद्यार्थी पिछले 30 वर्षों से प्रयासरत थे। इसके लिए विद्यार्थियों ने धरने प्रदर्शन करके वीसी से लेकर मुख्यमंत्री तक अपने ज्ञापन भेजे। शुक्रवार को डिप्टी स्पीकर रणबीर गंगवा एचएयू स्थित एग्रीकल्चर इंजीनिरिंग कॉलेज में आयोजित कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि पहुंचे।
कॉलेज पहुंचकर डिप्टी स्पीकर ने विद्यार्थियों की विभिन्न समस्याओं को सुना व मौके पर संबंधित अधिकारियों को फोन करके समाधान करवाया। उन्होंने कॉलेज की कैंटीन में बैठकर विद्यार्थियों के साथ चाय पी व कॉलेज लाइफ के दिनों पर चर्चा की। इससे पहले एग्रीकल्चर इंजीनियरिंग कॉलेज के विद्यार्थियों ने एडीओ, एएससीओ व डीएससीओ की पोस्ट में एग्रीकल्चर बीटेक व एमटेक की शैक्षिक योग्यता लागू करवाने पर डिप्टी स्पीकर रणबीर गंगवा का स्वागत किया।
कॉलेज के पूर्व छात्र अनिल मोर ने बताया गया कि पहले वे कृषि विकास अधिकारी मृदा संरक्षण यानी एडीओ सॉयल कंजर्वेशन के विभिन्न पदों के लिए आवेदन नहीं कर सकते थे। इन पदों के लिए आवेदन करने की शैक्षणिक योग्यताओं में बहुत त्रुटियां थी। इन पदों के लिए पहले बीएससी ऑनर्स एग्रीकल्चर व बीएससी एग्रीकल्चर के विद्यार्थी आवेदन कर सकते थे। अब एग्रीकल्चर इंजीनियरिंग से बीटेक व एमटेक करने वाले भी इन पोस्टों के लिए आवेदन कर सकते हैं। यह शैक्षणिक त्रुटियां ठीक करवाने के लिए उन्होंने 12 साल से धरने प्रदर्शन किए हैं। हाल ही में उन्होंने डिप्टी स्पीकर रणबीर गंगवा से मुलाकात की थी और इस समस्या से अवगत करवाया था।
डिप्टी स्पीकर रणबीर गंगवा ने बताया कि उन्होंने सीएम से मिलकर समस्या के बारे में बातचीत की। सीएम ने तुरंत एक्शन लेते हुए बैठक की। सभी संबंधित अधिकारी, डिप्टी स्पीकर व विद्यार्थियों को लेकर एक कमेटी गठित की। विद्यार्थियों ने अपनी समस्याएं कमेटी को बताई। इसके बाद मुख्यमंत्री के आदेशानुसार एडीओ की विभिन्न पोस्टों के लिए शैक्षणिक योग्यता अपडेट करते हुए बीटेक एग्रीकल्चर इंजीनियरिंग व एमटेक एग्रीकल्चर इंजीरियरिंग को भी लागू कर दिया गया।
प्रतिस्पर्धा के दौर में निर्धारित लक्ष्यों की प्राप्ति के लिए कड़ी मेहनत जरूरी
उन्होंने कहा कि प्रतिस्पर्धा के इस दौर में विद्यार्थियों को लक्ष्य निर्धारित कर कड़ी मेहनत करनी चाहिए। सरकार द्वारा युवाओं को प्रदेश में मेरिट के आधार पर रोजगार मुहैया करवाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि कृषि के क्षेत्र में रोजगार की अपार संभावनाएं हैं, इसलिए विद्यार्थियों को लक्ष्य प्राप्ति के लिए मेहनत करनी चाहिए। पिछड़ा वर्ग के पूर्व चेयरमैन सतबीर वर्मा ने भी विद्यार्थियों को संबोधित किया। इस अवसर पर महाविद्यालय के अधिष्ठाता डॉ. बलदेव डोगरा, समस्त वैज्ञानिक, पूर्व छात्र अमन मोर, ईश्वर मालवाल, धर्मवीर, सत्यनारायण आदि मौजूद रहे।