राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय से परीक्षा खत्म होने के बाद बाहर आते हुए विद्यार्थी।
हांसी। हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड से संबंधित विद्यालयों के 12वीं कक्षा के पहले पेपर में ही बदइंतजामी दिखने को मिली। राजकीय विद्यालयों में बच्चों के बैठने के लिए बैंच नहीं मिले। मजबूरन बच्चों को जमीन पर बैठ कर परीक्षा देनी पड़ी। इस व्यवस्था पर निजी स्कूल संचालकों ने भी रोष जताया।
लाल सड़क स्थित राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में पांच कमरों में विद्यार्थियों को बैठने के लिए बैंच नहीं मिले। बच्चों को जमीन पर बिछे टाट पर बैठकर परीक्षा देनी पड़ी, जिसमें छात्राएं भी शामिल थीं। यहां पर बोर्ड परीक्षा के लिए दो केंद्र बनाए गए हैं। वहीं जमीन पर बैठकर परीक्षा दिए जाने से स्कूल संचालक नाराज दिखे। परीक्षा दोपहर साढ़े 12 बजे से साढ़े तीन बजे तक हुई। परीक्षार्थियों का प्रवेश 12 बजे शुरू किया गया। इसके अलावा परीक्षा खत्म होने के बाद स्कूल के बाहर भीड़ लग गई है। इसके चलते जाम भी लगा।
परीक्षा के लिए केंद्र में प्रवेश 12 बजे के बाद करने दिया गया। यह गलत है। बच्चे को कमरा ढूंढने व आंसर शीट पर डिटेल भरने में भी समय लगता है। नियम के अनुसार परीक्षार्थी 12 बजे तक केंद्र में अपने कमरे में होना चाहिए, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। - तिलक राज मेहंदीरता, संचालक, आनंद निकेतन पब्लिक स्कूल
एक ही परीक्षा केंद्र में कुछ बच्चे बैंच पर हैं और कुछ जमीन पर बैठकर परीक्षा दे रहे हैं। यह गलत है। पांच कमरों में बच्चों को बैंच नहीं मिले, जिसके चलते बच्चों ने जमीन पर बैठकर परीक्षा दी। जबकि हमने पहले ही केंद्र में अधिकारियों को कहा था कि व्यवस्था बेहतर हो। चाहिए तो हमारी मदद भी ले सकते हैं।- अनिल कुमार, संचालक, सेंट ज्योतिबा राव पब्लिक स्कूल
इस तरह की कहीं पर अव्यवस्था हुई है तो मैं जांच करवाउंगा। बच्चों के लिए बैंच की व्यवस्था होनी चाहिए।- राजेश खोथ, एसडीएम