प्रो. बिश्नोई ने विश्वविद्यालय की सामुदायिक पहुंच और ग्रामीण विकास पर विशेष फोकस की जानकारी देते हुए बताया कि निकटवर्ती गांवों में शिक्षा, स्वास्थ्य, स्वच्छता, कौशल विकास और सतत आजीविका को बढ़ावा देने के लिए कई परियोजनाएं संचालित की जा रही हैं। उन्होंने महिलाओं के सशक्तीकरण और सुरक्षा को लेकर अपनाई गई नीतियों, जागरूकता अभियानों और सहायता तंत्र का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों के समग्र विकास के लिए खेल और कल्याण गतिविधियों को प्रोत्साहित किया जा रहा है। विश्वविद्यालय में राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 और सतत विकास लक्ष्यों (एसडीजी) के प्रभावी क्रियान्वयन पर विशेष जोर दिया गया है, जो शैक्षणिक सुधारों, अनुसंधान पहलों और सामाजिक सहभागिता के माध्यम से साकार हो रहा है। साथ ही युवाओं में नेतृत्व क्षमता और भागीदारी को बढ़ावा देने तथा देशभक्त दूतों के पंजीकरण को सुविधाजनक बनाने की दिशा में भी विश्वविद्यालय की महत्वपूर्ण भूमिका रही है।
कुलसचिव डॉ. विजय कुमार ने भी विश्वविद्यालय को प्राइड ऑफ नेशन अवॉर्ड-2025 के साथ हरियाणा का सर्वश्रेष्ठ विश्वविद्यालय का सम्मान मिलने पर विश्वविद्यालय परिवार को बधाई दी। पुरस्कार ग्रहण समारोह के अवसर पर आइक्यूएसी निदेशक प्रो. कश्मीरी लाल और उप निदेशक डॉ. विक्रमजीत सिंह भी उपस्थित रहे।