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खेल नर्सरियों की जांची फिजिबिलिटी : किसी के पास मैदान, कोच तो किसी के पास नहीं मिला खेल का सामान

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खेल नर्सरी के लिए फिजिबिलिटी जांचने के दौरान वालीबाल कोच सुनीता फोगाट। संवाद - फोटो : Hisar
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हिसार। हिसार जिले में 20 से अधिक खेल नर्सरियां खोली जानी है। विभाग की ओर से खेल नर्सरियों की फिजिबिलिटी की जांच करवाई जा रही है। खेल नर्सरियों के लिए करीब 176 आवेदन आए थे, जिनमें से 125 की जांच पूरी हो चुकी है। जांच में इन खेल नर्सरियों में कई खामियां पाई गई। किसी के पास मैदान, कोच तो किसी के पास खेलों का सामान तक नहीं मिला। ऐसे में उनकी खेल नर्सरियां रद्द की जाएगी। वहीं कुछ कोच की ओर से अभी खेल नर्सरियों की फिजिबिलिटी रिपोर्ट देना बाकी है। सभी की जांच पूरी होने के बाद रिपोर्ट तैयार कर पंचकूला मुख्यालय भेजी जाएगी। खेल विभाग की ओर से खेल नर्सरियां प्राइवेट, सरकारी स्कूलों और क्लबों में खोली जाएगी।
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नर्सरी फाइनल होने के बाद खिलाड़ियों के होंगे बैटरी टेस्ट
खेल विभाग के अनुसार नर्सरी चलाने के लिए खेल से संबंधित ग्राउंड, कोच और खेलों का सामान होना जरूरी है। जो इन मानकों को पूरा करता है उसे ही नर्सरी दी जाएगी। नर्सरी फाइनल होने के बाद खिलाड़ियों का बैटरी टेस्ट होगा। टेस्ट के आधार पर ही खिलाड़ियों का नर्सरी के लिए चयन किया जाएगा। वहीं नर्सरी के तहत अभ्यास करने वाले खिलाड़ियों को डाइट राशि भी दी जाएगी।
खेल नर्सरियों के लिए फिजिबिलिटी जांची जा रही है। अभी तक कोच की ओर से करीब 125 खेल नर्सरियों के लिए फिजिबिलिटी जांची जा चुकी हैं। इस दौरान देखने में आया कि किसी में कोच नहीं है तो किसी में खेलने योग्य मैदान नहीं मिला। नर्सरियों के लिए सभी मापदंडों को पूरा करना होगा। किसी नर्सरी में कमियां पाई गई तो उन्हें कैंसिल किया जाएगा। - हरमेश चंद्र, नोडल ऑफिसर, खेल नर्सरी
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