हरियाणा में अवैध गर्भपात करनेवालों के खिलाफ कार्रवाई शुरू करने के बाद अब भी यह धंधा बेरोकटोक जारी है।
प्रदेश में अब भी बड़े पैमाने पर लिंग जांच और गर्भपात का काम चल रहा है।
इस काम को झोलाछाप डॉक्टर अंजाम दे रहे हैं। इसमें अल्ट्रासाउंड केंद्र भी शामिल हैं।
लिंग जांच के नाम पर अल्ट्रासाउंड संचालक लिंग जांच के नाम पर लाखों रुपये कमा रहे हैं।
प्रदेश स्तर पर झोलाछाप के खिलाफ एनएचएम द्वारा शुरू की गई छापामारी की कार्रवाई में यह खुलासा हुआ कि स्वास्थ्य विभाग की नाक के नीचे अवैध गर्भपात करनेवालों का बड़ा नेटवर्क सक्रिय है।
लिहाजा राज्य में अब छापे और जांच की कार्रवाई राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन, हरियाणा स्वास्थ्य विभाग और खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग मिल कर करेंगे।
हरियाणा में बढ़ रहे शिशु मृत्यु दर और मातृ मृत्यु दर से डरे अधिकारियों ने दाइयों और निजी क्लीनिकों को खंगाला तो यह खुलासे हुए।
एक जगह अवैध गर्भपात का रिकार्ड मिला तो पूरे हरियाणा में छापे की कार्रवाई की गई, लेकिन अभी दर्जनों ऐसी जगह हैं जहां पर अवैध गर्भपात कराने का काम जारी है।
लिहाजा स्वास्थ्य विभाग ने ऐसे स्थानों का पता लगाने के लिए कमर कस ली है। झोलाछाप डाक्टर अवैध काम करके लाखों कमा रहे हैं।
इनका नेटवर्क लंबा है, जिसमें अल्ट्रासाउंड संचालक भी शामिल हैं।