फतेहाबाद। अयाल्की के रंगोई नाले पर 14 फरवरी से पक्का धरना देकर बैठे किसानों की रविवार को महिला किसान महापंचायत आयोजित की गई। इस महापंचायत में किसान शुभरकरण को श्रद्धांजलि दी गई। ताई सुदेश कंडेला ने विशेष तौर पर भाग लिया। वहीं, वाहनों को दूसरे रास्तों से डायवर्ट करवाया गया।
अयाल्की के पास अखिल भारतीय किसान संघर्ष समिति द्वारा लगाए गए पक्के मोर्चा पर रविवार को महिला किसान महापंचायत का आयोजन किया गया। इस महिला किसान महापंचायत में ताई सुदेश कंडेला ने कहा कि लखीमपुर खीरी में हमारे किसानों पर गाड़ी चलाकर उनकी हत्या करवाने वाले को ही भाजपा ने टिकट दे दी। इसका मतलब साफ है कि सरकार किसानों के खिलाफ है। उन्होंने कहा कि सरकार को अब किसानों की मांग मान लेनी चाहिए। पहले 13 माह के किसान आंदोलन के चलते 750 किसानों ने शहादत दी थी और इस आंदोलन में 12 किसान शहीद हो चुके हैं। शुभकरण अपने परिवार का इकलौता बेटा था और उसकी दो बहनें हैं। उसकी शहादत को व्यर्थ नहीं जाने दिया जाएगा। ताई सुदेश कंडेला ने कहा कि उनके खिलाफ सरकार ने 12 केस दर्ज करवा रखे हैं, भले ही 88 केस दर्ज करवा दो, लेकिन वह किसानों की मांगों को लेकर कभी पीछे नहीं हटेंगी।
उन्होंने कहा कि अब आचार संहिता लगने की बात आएगी, लेकिन हमें किसी भी आचार संहिता से डरने की आवश्यकता नहीं है, हम हमारी मांगों को लेकर डटकर सरकार का विरोध करेंगे। उन्होंने कहा कि अगर यह सरकार दोबारा आ गई तो लोगों को घर में जा जाकर लोगों की सांस बंद कर देगी। इस अवसर पर अखिल भारतीय किसान संघर्ष समिति के जिलाध्यक्ष राजविंद्र चहल, बेगराज फूलां, सुरेंद्र जाखड़, बंटी सिहाग सहित अनेक महिलाएं व किसान मौजूद रहे।
पुलिस प्रशासन का रहा पहरा
इस महापंचायत को लेकर प्रशासन ने सुरक्षा के मद्देनजर रंगोई नाले पर लगाए गए नाके के पास ही एंबुलेंस, दमकल विभाग की गाड़ी व वज्र वाहन लगाया हुआ था। पुलिस के अलावा पैरामिलिट्री फोर्स को भी तैनात किया गया था। डीएसपी जयपाल सिंह भी मौके पर मौजूद रहे।
10 मार्च को रेल रोको आंदोलन का फैसला
अखिल भारतीय किसान संघर्ष समिति के प्रदेश प्रवक्ता राम जाट ने बताया कि फिलहाल किसान संगठनों ने 10 मार्च को रेल रोको आंदोलन करने का फैसला लिया, जिसमें उनका संगठन भी भाग लेगा। वहीं, हरियाणा व पंजाब को छोड़कर 6 मार्च से अन्य प्रदेशों के किसान ट्रेनों व बसों में बैठकर दिल्ली पहुंचेंगे। वहीं, अयाल्की में उनका पक्का मोर्चा आगे भी जारी रहेगा। अखिल भारतीय किसान संघर्ष समिति के प्रदेश प्रवक्ता राम जाट ने बताया कि फिलहाल किसान संगठनों ने 10 मार्च को रेल रोको आंदोलन करने का फैसला लिया, जिसमें उनका संगठन भी भाग लेगा। वहीं, हरियाणा व पंजाब को छोड़कर 6 मार्च से अन्य प्रदेशों के किसान ट्रेनों व बसों में बैठकर दिल्ली पहुंचेंगे। वहीं, अयाल्की में उनका पक्का मोर्चा आगे भी जारी रहेगा।