फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Fatehabad News: सरकारी में गायनोक्लोजिस्ट की कमी, निजी अस्पतालों को हो रहा फायदा

विज्ञापन
फतेहाबाद के नागरिक अस्पताल में जच्चा-बच्चा वार्ड के बाहर खड़े मरीज और तीमारदार
विज्ञापन
फतेहाबाद। सरकार सरकारी अस्पतालों में गर्भवती को सुविधाएं देने का दावा कर रही है, लेकिन धरातल से हकीकत कोसों दूर है। जिले के सरकारी अस्पतालों में महिला रोग विशेषज्ञ यानि गायनोक्लोजिस्ट की कमी है। जिले में स्थायी रूप से सिर्फ दो ही विशेषज्ञ हैं। इसका फायदा निजी अस्पतालों को हो रहा है। सरकारी के मुकाबले निजी अस्पतालों में सबसे ज्यादा डिलिवरी हो रही है। डिलिवरी को लेकर पिछले छह माह की रिपोर्ट में ये खुलासा हुआ है। पीएचसी से सीएचसी और फिर नागरिक अस्पताल से अग्रोहा मेडिकल रेफर खेल चल रहा है।
विज्ञापन

जिले के सरकारी अस्पतालों में पिछले साल अप्रैल से लेकर अक्टूबर माह तक जहां 4258 डिलिवरी हुई है वहीं प्राइवेट अस्पतालों में 4522 डिलिवरी हुई है। जबकि जिला के 16 सरकारी अस्पतालों में 24 घंटे डिलिवरी की सुविधा है। इसके पीछे कारण ये है कि हाई रिस्क प्रेगेंसी केस में डिलिवरी के लिए सीएचसी से नागरिक अस्पताल रेफर किया जाता है। लेकिन फतेहाबाद में दो और टोहाना में सिर्फ एक गायनोक्लोजिस्ट होने के कारण केस को रेफर किया जा रहा है। हाई रिस्क के चलते गर्भवती निजी अस्पतालों में डिलिवरी करवा रही है। फतेहाबाद नागरिक अस्पताल में एनएचएम के तहत हाल ही में महिला रोग विशेषज्ञ की भर्ती हुई है।
स्वास्थ्य विभाग कैंप लगाकर गर्भवती की जांच करता है ताकि हाई रिस्क प्रेगनेंसी का पता चल पाए। जिले में वर्ष 2023 में अप्रैल से लेकर अक्टूबर माह तक 9561 गर्भवती की जांच हुई हैै। इस जांच में 2246 गर्भवती हाई रिस्क मिली है। यानि की गर्भवती में खून की कमी, बीपी समेत कई बीमारियां मिली हैं। संवाद
विज्ञापन


आंकड़ा से समझिए जिले में डिलिवरी की स्थिति
जिला नागरिक अस्पताल : 1
उप नागरिक अस्पताल : 1
सीएचसी सेंटर : 5
पीएचसी : 18
हेल्थ वेलनेस सेटर : 131
24 घंटे डिलिवरी सुविधा के लिए अस्पताल : 16
निजी अस्पतालों में डिलिवरी : 4522
सरकारी अस्पतालों में डिलिवरी : 4258

तीन महिला रोग विशेषज्ञ ली गई है पैनल पर
नागरिक अस्पताल फतेहाबाद में तीन महिला रोग विशेषज्ञ पैनल पर है। गायनोक्लोजिस्ट न होने पर इन्हें बुलाकर डिलिवरी करवाने का प्रावधान है। एसएमओ डॉ. सुभाष का कहना है कि अस्पताल में महिला रोग विशेषज्ञ डॉ. अंजना, डॉ. निधि संदूजा और डॉ. मीनू चौधरी को पैनल पर लिया गया है। प्रति केस 3500 रुपये भुगतान किया जा रहा है।

हर माह हो रही दो होम डिलिवरी
विभाग बेशक बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं को दावा कर रहा है। लेकिन हकीकत ये भी है कि जिले में अभी भी हर माह दो होम डिलिवरी हो रही है। यानि पुराने समय के अनुसार दाई घर पर ही होम डिलिवरी कर रही है। जिले में वर्ष 2023 में अप्रैल से अक्टूबर माह तक 12 होम डिलिवरी हुई है।

तीन अस्पतालों में जानिए महिला रोग विशेषज्ञ की स्थिति
अस्पताल पद कार्यरत
नागरिक अस्पताल फतेहाबाद 3 2 (एक एनएचएम के तहत)
उप नागरिक अस्पताल टोहाना 3 1
उप नागरिक अस्पताल रतिया 3 0
कोट
महिला रोग विशेषज्ञ के पद खाली है। विभाग की तरफ से भर्ती प्रक्रिया पिछले दिनों हुई थी। फतेहाबाद नागरिक अस्पताल में एक महिला रोग विशेषज्ञ अनुबंध पर है। रतिया में ऑनकॉल महिला रोग विशेषज्ञ थे लेकिन वह भी छोड़ गए है। उच्च अधिकारियों को डिमांड भेजी गई है।
विज्ञापन

- डॉ. निरपाल, उप सिविल सर्जन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें