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Fatehabad News: मंडी में धान की आवक जारी, मांगों पर अड़े आढ़तियों ने नहीं बेची फसल

Sun, 04 Oct 2026 12:08 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
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शहर की पुरानी अनाजमंडी में खरीद को लेकर बैठक करते व्यापार मंडल के सदस्य। 
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फतेहाबाद। शहर की अनाज मंडी में धान की खरीद की प्रक्रिया शुरू हो गई है लेकिन फसल की खरीद नहीं हो सकी है। मंडी के आढ़ती धान की फसल को खरीद एजेंसियों को बेचने के लिए तैयार नहीं हैं। आढ़तियों ने धान के उठान के लिए 48 या अधिकतम 72 घंटे की समय सीमा तय करने की मांग रखी है।
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उनका कहना है कि यदि मंडी में खरीद के बाद धान का समय पर उठान नहीं होता है तो वजन कम हो जाता है, जिससे आढ़तियों को नुकसान सहन करना पड़ता है। वेयर हाउस की ओर से शनिवार को धान की खरीद की जानी थी, मगर आढ़तियों ने अपनी विभिन्न मांगों और समस्याओं का समाधान होने तक धान की ढेरियां खरीद एजेंसियों व राइस मिलर्स को दर्ज करवाने से इनकार कर दिया। इससे मंडियों में धान की खरीद नहीं हो सकी। हालांकि मंडी में धान की आवक 134686.6 क्विंटल हो चुकी है व गेटपास 5000 के करीब गेट पास कट चुके हैं।
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मार्केट कमेटी ने खरीद शुरू करने के लिए जारी किया नोटिस
धान की खरीद शुरू करवाने के लिए मार्केट कमेटी की ओर से कई आढ़तियों को नोटिस भी जारी किए गए हैं। नोटिस में खरीद प्रक्रिया में सहयोग करने के निर्देश दिए गए हैं और खरीद नहीं करने की स्थिति में दुकानों के लाइसेंस रद्द किए जाने की कार्रवाई की चेतावनी दी गई है। इसके बाद आढ़तियों ने हनुमान मंदिर में बैठक कर अपनी समस्याओं पर चर्चा की और बाद में मार्केट कमेटी के सचिव अमित रोहिल्ला के सामने अपनी मांगें रखीं।
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उठान के लिए मांगा समय
आढ़ती आजाद, सुभाष, राकेश और विनोद ने बताया कि उनका विरोध खरीद प्रक्रिया को रोकने के लिए नहीं, बल्कि धान के उठान और राइस मिल तक पहुंचने के बाद आने वाली समस्याओं को लेकर है। उन्होंने मांग की कि मंडियों से खरीदी गई धान की फसल के उठान को लेकर संबंधित खरीद एजेंसियों और राइस मिलर्स के साथ लिखित में एग्रीमेंट होना चाहिए। आढ़तियों के मुताबिक मंडी में धान की ढेरी खरीद के बाद उसे तय समय सीमा के भीतर उठाकर संबंधित राइस मिल तक पहुंचाना सुनिश्चित किया जाना चाहिए। यदि मंडी से धान उठाकर राइस मिल में पहुंचने के बाद वजन में कमी आती है तो उसकी भरपाई आढ़तियों से नहीं करवाई जानी चाहिए। मंडी से फसल उठने में देरी होने के बाद उसमें राइस मिल तक पहुंचने के दौरान वजन कम हो जाता है जिससे आढ़तियों को नुकसान होता है।

:: सभी व्यापारी धान की खरीद करने के लिए तैयार है, लेकिन उठान में देरी होने के कारण फसल का वजन कम हो जाता है। जिससे पिछले साल व्यापारियों को काफी नुकसान सहना पड़ा। ऐसे में उठान समय पर करवाया जाना चाहिए।
-रमेश तनेजा, प्रधान व्यापार मंडल, फतेहाबाद।

:: धान की एमएसपी पर खरीद के लिए राइस मिलरों का पंजीकरण करवाया जा रहा है। अभी तक फतेहाबाद से 80 राइस मिलरों ने पंजीकरण करवाया है। जिसमें से 8 मिल खरीद करने की प्रक्रिया के लिए तैयार है।
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-कुशलपाल बूरा, जिला खाद्य आपूर्ति नियंत्रक, फतेहाबाद।
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