खेत में निरीक्षण करते हुए विधायक लक्ष्मण नापा व एसडीएम जगदीश चंद्र।
रतिया। क्षेत्र के गांव कुनाल, बुर्ज, नन्हेड़ी आदि में रविवार रात को बिजली की तारों से निकली चिंगारी के कारण जली फसलों का सोमवार सुबह रतिया के विधायक लक्ष्मण नापा, एसडीएम जगदीश चंद्र ने प्रशासनिक अधिकारियों के साथ जायजा लिया। विधायक ने किसानों को आश्वासन दिया कि उनकी हरसंभव सहायता की जाएगी। किसानों द्वारा विधायक और अधिकारियों के सामने बिजली निगम की लापरवाही के आरोप लगाए जाने पर एसडीएम जगदीश चंद्र ने कहा कि मामले की जांच करवाई जाएगी। आग लगने में बिजली निगम की लापरवाही सामने आई तो उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
किसानों का कहना है कि उन्होंने 70000 रुपये प्रति एकड़ के हिसाब से जमीन ठेके पर लेकर गेहूं की फसल लगाई हुई थी। फसल बिल्कुल पक कर तैयार हो गई थी। रविवार देर रात बिजली की तारों से निकली चिंगारी ने सब कुछ तबाह कर दिया। देर रात दमकल विभाग की गाड़ियां मौके पर पहुंची और किसानों की मदद से आग पर काबू पाया। मगर 100 एकड़ से भी ज्यादा में गेहूं की फसल जलकर राख हो गई। किसान सुखविंदर सिंह व कृष्ण कुमार ने 60000 रुपये प्रति एकड़ के हिसाब से मुआवजा देने की मांग की है।
आगजनी से प्रभावित किसानों को तुरंत मुआवजा दिया जाए : जरनैल सिंह
भारतीय किसान यूनियन खेती बचाओ के प्रधान जरनैल सिंह मल्लवाला एवं जिला अध्यक्ष राजविंदर सिंह चहल ने गांवों का दौरा किया। उन्होंने भी आग से जली फसल का मुआवजा तुरंत देने की मांग की। इस मौके पर एडवोकेट टेकसिंह चहल, प्रितपाल सिंह घासवा, तरसेम सिंह, राम जाट, कुलदीप सिंह, गुरनाम धालीवाल, मांगेराम हासंगा सहित कई किसान मौजूद थे।
डीसी से मिलकर मांगा मुआवजा
फसलों में आग लगने के मामले को लेकर पगड़ी संभाल जट्टा किसान यूनियन के सदस्य किसान नेता मंदीप नथवान के नेतृत्व में डीसी मनदीप कौर से मिले और ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में मांग की गई है कि आग से हुए नुकसान की भरपाई के लिए जल्द मुआवजा दिया जाए।