फतेहाबाद। शहर में बंदरों का आतंक जारी है। गलियों में बंदरों का झुंड घूमकर लोगों पर हमला कर रहा है। पार्षद और पूर्व पार्षद सोशल मीडिया पर बंदरों के आतंक की फोटो और वीडियो डालकर विरोध जाहिर कर रहे है। लेकिन मथुरा की टीम ने अब दोबारा से शहर में बंदर पकड़ने के लिए आने से मना कर दिया है। नगर परिषद ने मथुरा की टीम को बंदर पकड़ने के लिए बुलाया था। एजेंसी शहर में 313 बंदर पकड़ चुकी है और ठेका भी 300 बंदर पकड़ने का दिया गया था।
अब नगर परिषद दोबारा से बंदर पकडऩे के लिए टेंडर लगाएगी। हालांकि इस प्रक्रिया को तीन से चार माह का समय लग सकता है। नगर परिषद एजेंसी को 2050 रुपये प्रति बंदर के हिसाब से भुगतान कर रही थी।
बंदरों के हमले से टूट गई थी महिला की दोनों टांगें
शहर में पिछले दिनों बंदरों के झुंड ने शिव चौक निवासी एक महिला पर हमला कर दिया था। इसके चलते महिला छत से कूद गई थी और उसकी दोनों टांगें टूट गईं। महिला का हिसार के निजी अस्पताल में ऑपरेशन हुआ था। इसको लेकर गुस्साए लोगों ने दो दिन तक नगर परिषद कार्यालय में धरना भी दिया था। नगर परिषद प्रधान द्वारा शहर को पशु मुक्त करने का आश्वासन दिया गया इसके बाद धरना समाप्त हुआ था।
शहर में बंदरों के आतंक को लेकर शिकायतें आई है। ईओ को निर्देश दिए गए हैं कि एजेंसी को बुलाया जाए और बंदर पकड़वाए जाए। एजेंसी द्वारा मना करने का मामला संज्ञान में नहीं है।
- राजेंद्र सिंह खिंची, प्रधान नगर परिषद