किसान सहायता केंद्र में मुआवजा जारी होने की जानकारी लेने पहुंचे नागरिक। संवाद
फतेहाबाद। खरीफ सीजन में बेमौसम और अत्यधिक बारिश के कारण फसलों के नुकसान के लिए मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने 12 मई को मुआवजा राशि जारी की थी। सरकार की ओर से दावा किया गया था कि 72 घंटों में मुआवजे की राशि सीधे किसानों के बैंक खातों में ट्रांसफर कर दी जाएगी लेकिन दो सप्ताह से अधिक का समय बीत जाने के बाद भी हजारों किसान मुआवजे की आस में सरकारी दफ्तरों के चक्कर काट रहे हैं।
हालांकि सोमवार रात्रि को राजस्व विभाग की ओर से कुछ किसानों के खातों में 6,000 रुपये प्रति एकड़ के हिसाब से मुआवजा राशि डाली गई है पर कई किसान इस लाभ से अभी भी वंचित है। जिन किसानों ने ई-क्षति पूर्ति पोर्टल आवेदन किया था उन किसानों के मोबाइल फोन पर मुआवजा राशि ट्रांसफर होने के संदेश तो आ चुके हैं लेकिन बैंक खातों में राशि नहीं पहुंची है। किसानों ने सरकार और प्रशासन से जल्द से जल्द मुआवजा खातों में डालने की अपील की है।
मानूसन के सीजन में मेरी पांच एकड़ की कपास की फसल बारिश के कारण पूरी तरह गल गई थी। पटवारी ने खराबा भी दर्ज किया था। मुख्यमंत्री की घोषणा के बाद उम्मीद जगी थी लेकिन 14 दिन बीत जाने के बाद भी मेरे खाते में एक रुपया नहीं आया।
- दाना राम, किसान।
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सोमवार शाम को मेरे मोबाइल फोन पर 18,000 रुपये 3 एकड़ का मुआवजा क्रेडिट हुए है। इससे कुछ राहत मिली है। सरकार को प्रति एकड़ कम से कम 10 हजार रुपये मुआवजा जारी करना चाहिए था।
- नवीन, किसान।
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मेरी कुल 4 एकड़ की फसल खराब हुई थी। सोमवार देर रात को मेरे खाते में 6,000 प्रति एकड़ के हिसाब से 24,000 रुपये आए हैं। इससे अगली फसल की बुवाई करने में सहायता मिलेगी।
- हरबंश, किसान।
:: किसानों के खातों में मुआवजा राशि आनी शुरू हो गई है। उम्मीद है कि अगले एक या दो दिनों में सभी प्रभावित किसानों के खातों में राशि डाल दी जाएगी।
- श्याम लाल, जिला राजस्व अधिकारी, फतेहाबाद।