हरियाणा के फतेहाबाद के भूना क्षेत्र में एंटी करप्शन ब्यूरो ने भूना के युवा पटवारी को किसान क्रेडिट कार्ड की लीन रजिस्ट्री की एवज में 30 हजार रुपये रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। आरोपी पटवारी पर भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम के तहत केस दर्ज कर लिया गया है।
पटवारी पिछले 15 दिन से लीन रजिस्ट्री के लिए पैसे मांग रहा था क्योंकि तत्कालीन डीसी ने 6 महीने पहले लीन रजिस्ट्री में स्टांप ड्यूटी लगाए बिना लीन चढ़ाने पर प्रतिबंध लगाया था। मगर गुपचुप तरीके से कुछ पटवारी अभी भी लीन रजिस्ट्री बिना स्टांप ड्यूटी के रजिस्टर में चढ़ाकर फायदा उठा रहे हैं।
इसी के चलते एंटी करप्शन ब्यूरो की टीम ने डीएसपी मनीष कुमार के नेतृत्व में शनिवार सायं उकलाना रोड पर शिकायतकर्ता द्वारा पटवारी को रिश्वत देते ही मौके पर रंगे हाथों दबोच लिया। किसान से लिए गए 30 हजार रुपये भी मौके पर बरामद किए गए।
शिकायतकर्ता बैजलपुर निवासी किसान कर्ण सिंह ने बताया कि एचडीएफसी बैंक में 35 लाख रुपये के किसान क्रेडिट कार्ड को लेकर बैंक के लिए रजिस्ट्री के रजिस्टर में दर्ज करने की मांग को लेकर पटवारी अनीश कुमार से मिला था। जिस पर पटवारी ने कर्ण सिंह से एक लाख रुपये रिश्वत की मांग की।
मगर 50 हजार में समझौता हो गया। कर्ण सिंह का आरोप है कि 20 हजार पहले दे दिए और पटवारी अनीश कुमार ने रजिस्टर में रजिस्ट्री दर्ज कर दी। मगर कर्ण सिंह से 30 हजार की मांग लगातार कर रहा था और पैसे न देने पर बैंक से दर्ज की गई रजिस्ट्री को कैंसिल करवाने की धमकी दे रहा था।
कर्ण सिंह ने मामले से एंटी करप्शन ब्यूरो के डीएसपी मनीष कुमार को अवगत करवाया। इसके बाद कर्ण सिंह ने पटवारी को 30 हजार रुपये वीरवार को देने थे। मगर पटवारी ने छुट्टी वाले दिन कार्यालय से बाहर लेने के लिए समय दे दिया। इसलिए शनिवार को कर्ण सिंह ने फोन किया तो पटवारी हिसार से चलकर भूना के उकलाना रोड पर एक मिष्ठान भंडार पर उपरोक्त राशि लेने के लिए पहुंच गया। जहां पर रिश्वत लेते ही पटवारी एंटी करप्शन ब्यूरो के हत्थे चढ़ गया। इस पूरी घटना की वीडियोग्राफी भी की गई है। ब्यूरो की पूछताछ में पटवारी ने रिश्वत लेने के बारे में स्वीकारा है। उसे अब रविवार को कोर्ट में पेश किया जाएगा।
पटवारी का हो चुका तबादला, रिलीव होना था
पटवारी अनीश कुमार का भूना सर्कल से करीब एक माह पहले तबादला रतिया के पालसर सर्कल में हो चुका था। मगर नायब तहसीलदार ने जमाबंदी सदर दाखिल नहीं किए जाने पर रिलीव नहीं किया था। हालांकि, भूना सर्कल में तीन पटवारी होने चाहिए। परंतु एकमात्र पटवारी अनीश कुमार ड्यूटी दे रहा था। एंटी करप्शन ब्यूरो की पटवारी के खिलाफ भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम के तहत की गई इस कार्रवाई के बाद अब भूना सर्कल के तीनों पटवारी पद खाली हो गए है।
पटवारी अनीश कुमार को 30 हजार रुपये रिश्वत लेने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। उस पर केस दर्ज कर लिया है। रविवार को उसे अदालत में पेश किया जाएगा।
-मुनीष कुमार, डीएसपी, विजिलेंस