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सात स्थानों पर किसान करेंगे चक्का जाम, गांव-गांव करवाई गई मुनादी

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गांवों में चक्का जाम के लिए संबोधित करते किसान नेता। - फोटो : Fatehabad
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केंद्र सरकार की ओर से लागू किए गए तीन कृषि कानूनों के खिलाफ किसान संगठनों द्वारा शनिवार को जिले में सात जगहों पर चक्का जाम किया जाएगा। किसानों का दावा है कि चक्का जाम 26 जनवरी को हुए विरोध प्रदर्शन से भी बड़े स्तर का होगा। इसके लिए किसान पिछले एक सप्ताह से जनसंपर्क अभियान चलाए हुए थे। गांव गांव जाकर मुनादी की गई है। किसान नेताओं की अलग अलग किसान संगठनों ने ड्यूटियां भी लगाई हुई हैं। नेता गांवों में जाकर किसानों को चक्का जाम में शामिल होने की अपील कर चुके हैं।
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जिले में किसानों ने सात ऐसे स्थान निर्धारित किए हैं जहां पर किसान धरना देकर रोड जाम करेंगे। प्रत्येक शहर व कस्बे में एक मुख्य स्थान चुना गया है।
यहां यहां होगा चक्का जाम : किसान सभा के जिला सचिव एवं संयुक्त मोर्चा के संयोजक जगतार सिंह ने बताया कि पूरे जिले में हर शहर व कस्बे में एक-एक जगह चुनी गई है, जहां पर किसान एकत्र होकर विरोध प्रदर्शन करेंगे। शनिवार को टोहाना में टाउन पार्क के पास, जाखल में कड़ैल चौक, कुलां में कुलां चौक, भूना में शहीद भगत सिंह चौक, फतेहाबाद में लाल बत्ती चौक, रतिया में बड़ी नहर के पुल पर, भट्टू कलां में फतेहाबाद रोड स्थित नहर के पुल पर चक्का जमा किया जाएगा। सुबह 11 बजे से यहां किसानों का आगमन शुरू हो जाएगा। इसके बाद 12 से 3 बजे तक चक्का जाम रहेगा।
अभियान चला सभी गांव किए कवर : किसान नेताओं की टीमों ने अहलीसदर, करनौली, सोत्तर भट्टू, नखाटिया, थेड़ी, बहबलपुर, हांसपुर, रत्ताटिब्बा, मानकपुर, बनावाली, मुसाअहली, ढाणी छतरियां आदि गांवों में जनसंपर्क अभियान चलाया। ग्रामीण सभाओं को संबोधित करते हुए सुरेश गढ़वाल, हरेंद्र हिजरावां, मनफूल ढाका, रामभगत पूर्व चेयरमैन ब्लाक समिति, रामचंद्र करनौली आदि ने कहा कि सरकार ओच्छे हथकंडे अपनाकर किसानों को दिल्ली जाने से रोक रही है। बिजली पानी के कनेक्शन काट दिए गए हैं। सड़कों पर कांटों की तारें व कीलें लगाकर किलेबंदी की जा रही है। सरकार किसानों से बातचीत कर उनकी मांगों को मानने की बजाय आंदोलन को बदनाम करने में लगी हुई है। जब तक सरकार किसानों की मांगों को नहीं मानती, तीनों कानून वापस नहीं लिए जाते, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा।
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अवकाश के कारण कम होगी असुविधा : किसानों के आंदोलन के चलते यातायात व्यवस्था प्रभावित रहेगी। बसें भी बंद रहेंगी। प्राइवेट वाहनों को भी मुश्किलों का सामना करना पड़ेगा। दुकानें भी बंद रहने की संभावना है। गनीमत ये है कि शनिवार को सरकारी अवकाश है, इसलिए तमाम विभागों के कार्यालय भी बंद रहेंगे। शनिवार को अदालत भी बंद रहेगी। इस कारण लोगों को कम असुविधा होगी।
प्रशासन ने छह ड्यूटी मजिस्ट्रेट लगाए : डीसी डॉ. नरहरि सिंह बांगड़ ने चक्का जाम के दौरान कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए छह ड्यूटी मजिस्ट्रेट नियुक्त किए हैं। इसके अलावा एडीसी समवर्तक सिंह जिला के ओवर ऑल इंचार्ज होंगे जबकि संबंधित उपमंडलाधीश अपने-अपने अधीनस्थ उपमंडल में कानून व्यवस्था बनाए रखने के इंचार्ज होंगे।
जिले में कानून, शांति व्यवस्था एवं किसी अप्रिय घटना को रोकने के लिए दंड प्रक्रिया संहिता 1973 की धारा 22 (1) व 23 (2) के अंतर्गत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए शनिवार के लिए ड्यूटी मैजिस्ट्रेट नियुक्त कर दिए हैं। एडीसी ओवरऑल इंचार्ज होंगे जबकि संबंधित एसडीएम अपने अपने उपमंडल में कानून व्यवस्था बनाए रखने के इंचार्ज होंगे। -डॉ. नरहरि सिंह बांगड़, उपायुक्त, फतेहाबाद।
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