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प्रशासन ने एनएच से हटवाई रेहड़ियां, अब टैक्सी स्टैंड की जगह देने की तैयारी

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फतेहाबाद में नेशनल हाईवे पर बैठे झुग्गी झोपड़ी वालों को हटाते नप अधिकारी। - फोटो : Fatehabad
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फतेहाबाद। डीसी की फटकार सुनने के बाद बुधवार को नगर परिषद प्रशासन ने ट्रैफिक पुलिस के सहयोग से नेशनल हाईवे पर पेट्रोल पंप के सामने खड़ी रेहड़ियों को हटवा दिया। जिला प्रशासन ने सत्ताधारी जननायक जनता पार्टी के नेताओं एवं बीजेपी विधायक दुड़ाराम के दखल के बावजूद आखिरकार रेहड़ी चालकों को वहां से हटा ही दिया। इस मुद्दे पर एनजीटी के स्पष्ट निर्देश थे जिसके चलते जिला प्रशासन ने राजनैतिक दखल को भी दो टूक नजर अंदाज कर दिया। इतना ही नहीं, बुधवार शाम खुद डीसी धीरेंद्र खड़गटा मौके पर पहुंचे और हालात का निरीक्षण किया।
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इस मौके पर उन्होंने टैक्सी यूनियन के पास भी रेहड़ी वालों के लिए जगह देखी, लेकिन टैक्सी चालकों ने विरोध कर प्रशासन की उम्मीदों पर पानी फेर दिया। लेकिन सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार प्रशासन रेहड़ी चालकों को टैक्सी स्टैंड की जगह पर ही जगह देने का मन बना रहा है। प्रशासन ने इसके अलावा सिरसा रोड पर नेशनल हाइवे पर कई दिनों से डेरा जमाकर बैठे झुग्गी झोपड़ी वालों को भी हटवा दिया।
बुधवार सुबह दस बजे के करीब ट्रैफिक इंचार्ज इंस्पेक्टर रामधन, बिल्डिंग इंस्पेक्टर विकास बजाज व लोक निर्माण विभाग के कर्मचारी रेहड़ी मण्डी में पहुंचे और रेहड़ी वालों से कहा कि या तो स्वयं रेहड़ियां हटा लें या फिर उन्हें हटानी पड़ेंगी। इसके चलते रेहड़ी चालकों ने एकबारगी तो रेहडिय़ां पीछे लगती ग्रीन बेल्ट के पीछे खड़ी कर दी, लेकिन नप प्रशासन ने वहां पर दो होमगार्ड की तैनाती कर दी ताकि रेहड़ी चालक दोबारा रेहड़ियां आगे न ला पाएं।
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नप कर्मचारी व रेहड़ी चालकों के बीच मारपीट के बाद जजपा-बीजेपी ने दिया था दखल
कुछ दिन पहले भी नगर परिषद के अधिकारी एवं कर्मचारी नेशनल हाईवे से रेहड़ियां हटाने पहुंचे थे, लेकिन रेहड़ी वालों के विरोध के बीच नगर परिषद के सफाई दरोगा ईश्वर चंद्र शर्मा पर एक रेहड़ी मालिक से हाथापाई का वीडियो वायरल हो गया। जिसके बाद जननायक जनता पार्टी का एक प्रतिनिधिमंडल रेहड़ी वालों को साथ लेकर डीसी से मिला था। जजपा नेता विकास मेहता के कहने पर डीसी ने रेहड़ी चालकों को दो दिन का समय दिया था ताकि वो अपने लिए नई जगह तलाश लें। विकास मेहता ने भी उन्हें टेलीफोन एक्सचेंज के सामने रेहडिय़ां लगाने का सुझाव दिया था। लेकिन इस विकल्प को मानने की बजाए रेहड़ी चालक विधायक दुड़ाराम के पास जा पहुंचे। विधायक ने उन्हें दो टूक कह दिया कि इस मामले में वो ज्यादा कुछ करने में असमर्थ हैं क्योंकि प्रशासन के पास एनजीटी के आदेश आए हुए हैं। इसके बाद बुधवार को आखिरकार नप प्रशासन ने रेहड़ी चालकों को नेशनल हाईवे से हटा ही दिया।
पहले भी कई जगह से हटाई जा चुकी हैं रेहड़ियां
शहर में रेहडिय़ां लगने की एक अकेली ये जगह नहीं हैं। पहले भी कई जगह से रेहड़ियां हटाई जा चुकी हैं। फिलहाल भी माडल टाऊन में बस स्टैंड के पीछे रेहड़ियां लगाई जा रही हैं जिसके खिलाफ आसपास के लोगों ने अदालत में केस दायर किया हुआ है। मौजूदा रेहड़ी चालक पहले सिरसा रोड पर विजय चौधरी की कोठी के पास रेहड़ी लगाते थे, लेकिन विजय चौधरी के ऐतराज के बाद वहां से हटा दिया गया था। तब से लेकर आज तक हर प्रतिनिधि ने उन्हें स्थाई जगह मुहैया करवाने का दावा जरूर किया है, लेकिन अभी तक रेहड़ी चालकों को पर्याप्त एवं 4उचित स्थायी जगह नहीं मिल सकी है।
अब ये विकल्प है रेहड़ी चालकों के पास
मौजूदा परिस्थितियों में नेशनल हाइवे से हटाए गए रेहड़ी चालकों के पास दो विकल्प बचते हैं। पहला विकल्प तो ये कि वो जजपा नेताओं के सुझाए गए टेलीफोन एक्सचेंज के सामने पड़ी जगह पर रेहड़ी लगा लें। एक तो ये जगह नेशनल हाइवे से हटकर अंदर की ओर है। दूसरा आसपास सिर्फ टेलीफोन एक्सचेंज है जो सरकारी है। ऐसे में यहां पर विरोध की संभावना काफी कम है। इसके अलावा दूसरे विकल्प के रूप में सिरसा रोड पर आशीर्वाद पैलेस रोड पर जगह उपलब्ध है। ये जगह सड़क किनारे भी है, साल में सिर्फ फसल के दौरान ही यहां पर थोड़ा वाहनों का आना-ज्यादा रहता है, अमूमन ये रोड शांत रहता है।
वर्जन
डीसी साहब के आदेश के बाद बुधवार सुबह रेहड़ी वालों को नेशनल हाइवे से हटाने के लिए कहा गया तो उन्होंने खुद ही रेहड़ियां हटा ली। किसी प्रकार की कोई जबरदस्ती करने की जरूरत नहीं पड़ी।
विकास बजाज, बिल्डिंग इंस्पेक्टर, नगर परिषद फतेहाबाद।
रेहड़ियां हटा दी गई हैं। अब हमारी जिम्मेदारी है कि रेहड़ी चालकों को उचित जगह दिलवाई जाए। इसे लिए प्रयास करेंगे और कोशिश करेंगे कि टैक्सी स्टैंड के आसपास इन्हें जगह दिलवाई जाए। बाकी और जगह भी ध्यान में हैं।
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धीरेंद्र खड़गटा, जिला उपायुक्त फतेहाबाद।
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