पंजाब के शिक्षा मंत्री सिकंदर सिंह मलूका ने अध्यापकों के अंतर जिला तबादलों का मुकम्मल डेटा न भेजने और भेजे गए डेटा में कमियां होने के कारण फरीदकोट के जिला शिक्षा अधिकारी और अन्य जिलों के सात कर्मचारियों को निलंबित कर दिया है।
इसके इलावा रोपड़, लुधियाना और होशियारपुर के जिला शिक्षा अधिकारियों और डेटा आपरेटर कविता दत्ता से जवाब तलब किया है।
एक सरकारी प्रवक्ता ने बताया कि शिक्षा मंत्री ने फरीदकोट के जिला शिक्षा अधिकारी (सेकेंडरी) अमरजीत खोखर, जूनियर सहायक रूप सिंह और सुपरिटेंडेंट बलविंदर सिंह को सस्पेंड करके उनका मुख्यालय फरीदकोट स्थित सर्कल शिक्षा अधिकारी के कार्यालय में बना दिया है।
डीपीआई (सेकेंडरी) को आदेश दिया गया है कि डेटा भेजने के समय बरती गई लापरवाही के कारण जिला शिक्षा अधिकारी रोपड़ से जवाब तलब की जाए और सुपरिटेंडेंट बल कृष्ण और क्लर्क हरजिंदर सिंह को सस्पेंड करके इनका हेडक्वार्टर जिला शिक्षा अधिकारी (सेकेंडरी) जालंधर कर दिया जाए।
शिक्षा मंत्री ने होशियारपुर के जिला शिक्षा अधिकारी (सेकेंडरी) और डेटा आपरेटर कविता दत्ता से जवाब तलब करने के आदेश दिए हैं और कंप्युटर फेकेल्टी होशियारपुर सरबजीत सिंह को निलंबित किया गया है।
मंत्री ने जिला शिक्षा अधिकारी लुधियाना से भी जवाब तलब किए हैं और जगदीश सिंह और जरनैल सिंह क्लर्क को निलंबित करके इनका हेडक्वार्टर जालंधर तय करने को कहा गया है। दस दिनों के भीतर जवाब देने को कहा गया है।