चरखी दादरी/बौंदकलां। जिला मुख्यालय से 15 किलोमीटर दूर रोहतक रोड पर स्थित सांवड़ गांव के लोगों को मूलभूत सुविधाएं नहीं मिल पा रही हैं। गांव में बिजली आपूर्ति और पेयजल संकट की समस्या बनी है। चुनावी माहौल के बीच भीषण गर्मी व समस्याओं से त्रस्त ग्रामीणों का पारा बढ़ा रहा है और उनमें जिम्मेदारों के प्रति रोष बना है।
गांव सांवड़ में भीषण गर्मी में भी लोगों को सिर्फ सात घंटे बिजली मिल रही है। इसके अलावा खारे पानी की आपूर्ति संबंधी समस्या से जूझ रहे हैं। चुनावी माहौल में दोनों समस्याओं के दंश का दर्द ग्रामीण खुलकर बयां कर रहे हैं। बौंदकलां खंड के सांवड़ गांव की आबादी करीब 10 हजार है। ग्रामीण वीरेंद्र सिंह, प्रवीन परमार, पंच सोनू शर्मा, विरेंद्र परमार, भूप सिंह, रामधारी पंच, सचिन परमार आदि ने बताया कि पिछली योजना में सांसद धर्मबीर सिंह इस गांव को एक बार गोद भी ले चुके हैं। इसके बाद भी गांव में अभी तक बिजली और पानी की समस्याओं का समाधान नहीं हुआ है।
दिन में तीन तो रात में मिलती है चार घंटे बिजली आपूर्ति
ग्रामीणों ने बताया कि गांव में दिन के समय तीन घंटे और रात के समय करीब चार घंटे बिजली मिलती है। गर्मी से समय में ग्रामीण कम बिजली आपूर्ति से परेशान हैं। जिन घरों में इन्वर्टर हैं उन्हें कुछ समय के लिए थोड़ी राहत मिल जाती है, लेकिन गरीब तबके के लोगों के पास लाइट आने के इंतजार के सिवाय दूसरा कोई विकल्प नहीं है।
जलघरों में 4 टैंक, फिर भी सूखे कंठ
ग्रामीणों के अनुसार गांव में पेयजल आपूर्ति के लिए दो जलघर हैं। इनमें पानी भंडारण के 4 टैंक बने हुए हैं। नहरी टर्म पर ये टैंक पानी से नहीं भर पाते हैं, जबकि गर्मी में पानी की खपत और मांग बढ़ी है। इसके अनुरूप पेयजल आपूर्ति नहीं हो पा रही। इसके चलते ग्रामीणों को परेशानियों से दो-चार होना पड़ रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि गांव उसी प्रत्याशी को अपना समर्थन देगा जो समस्याओं का समाधान प्राथमिकता से करवाएगा।
गांव के लिंक रोड बने जर्जर
सरपंच प्रतिनिधि गौरव ने बताया कि गांव को अन्य गांवों से जोड़ने वाले सभी लिंक रोड जर्जर हो चुके हैं। अब तक इनका निर्माण नहीं हो पाया है। इनके टूटने से वाहन चालकों के साथ-साथ ग्रामीणों को भी परेशानी उठानी पड़ रही है। वाहनों के गुजरने से पूरे दिन धूल उठती रहती है।
सांवड़ के अलावा चार अन्य गांवों में भी सप्लाई होता है पानी
सरपंच प्रतिनिधि गौरव चौबारला ने बताया कि गांव के दो जलघरों से पानी सांवड़ के अलावा लांबा, कोहलावास, सांजरवास में भी सप्लाई होता है। दोनों जलघरों के टैंकों का पानी पूरे गांव के लिए ही प्रर्याप्त मात्रा में नहीं भर पाता, फिर भी तीन अन्य गांवों में पानी छोड़ा जाता है। उन्होंने कहा कि जनस्वास्थ्य विभाग व बिजली विभाग से बात की गई, लेकिन अभी इन समस्याओं का हल नहीं मिला।
सांवड़ गांव से जुड़े महत्वपूर्ण तथ्य
वार्ड - 20
महिलाएं - 3,120
पुरुष - 3,380
युवा मतदाता - 2,600
बुजुर्ग मतदाता - 1,000
गांव में दोनों समस्याएं बनी हुई हैं। दोनों विभागों के अधिकारियों को भी इस समस्या से अवगत कराया गया है। अब चुनावों के बाद ही इनमें सुधार होने की संभावना है। सांसद प्रत्याशियों से ग्रामीण दौरे के समय समस्याओं से छुटकारा दिलाने की मांग रखी जाएगी। - गौरव चौबारला, सरपंच प्रतिनिधि, सांवड़।