चरखी दादरी। शहर के वार्ड 19 में लोग दूषित पेयजल सप्लाई, सीवर ओवरफ्लो, कच्ची गलियों से परेशान हैं। लोगों का कहना है कि लंबा समय बीतने के बाद भी उन्हें समस्याओं से निजात नहीं मिली है। वे समस्याओं के समाधान के लिए विभागीय कार्यालयों के चक्कर लगाकर थक चुके हैं, लेकिन नतीजा सिफर है।
वार्ड-19 की आबादी करीब पांच हजार है। वेयर हाउस के पीछे स्थित कॉलोनी में पिछले दो साल से दूषित पेयजल की सप्लाई हो रही है। इसके चलते क्षेत्रवासी कैंपर या पानी के टैंकर का सहारा लेने को मजबूर हैं। इसके बदले उन्हें जेब ढीली करनी पड़ रही है। भगत सिंह चौक के पास कच्ची गली होने के कारण लोगों को आवागमन में दिक्कत हो रही है। क्षेत्र में जहां गली का निर्माण नहीं हो रहा है, तो वहीं लोगों ने अपनी जेब से स्ट्रीट लाइटें लगवाई हुई हैं। घिकाड़ा रोड स्थित बूस्टिंग स्टेशन के पास पिछले तीन साल से मैनहोल ओवरफ्लो हो रहा है। अब तक इस समस्या का समाधान न होने से लोगों में रोष है। उन्होंने जिला प्रशासन से समस्याओं पर संज्ञान लेकर समाधान करवाने की मांग की है।
लोग बोले- लंबा समय बीतने के बाद भी नहीं हुआ समाधान
वेयर हाउस गोदाम के पीछे स्थित कॉलोनी में पिछले लंबे समय दूषित पेयजल की सप्लाई हो रही है। विभागीय अधिकारियों को कई बार इससे अवगत करवा चुके हैं, लेकिन नतीजा सिफर है। - दिनेश सांगवान, वार्डवासी
- एमसी कॉलोनी स्थित भगत सिंह चौक के पास गली कच्ची है। गली में लाइटें नहीं होने से अंधेरा छाया रहता है। बारिश के समय कई दिनों तक घरों के सामने जलभराव की स्थिति बनी रहती है। - रोहताश शर्मा, वार्डवासी
- शहीद भगत सिंह चौक के पास और घिकाड़ा रोड बूस्टिंग स्टेशन के सामने सीवर मैनहोल ओवरफ्लो कर रहे हैं। कई सालों से बनी समस्या का स्थायी समाधान नहीं हुआ है और वार्डवासी परेशान हैं। - सतीश कुमार, वार्डवासी
- वार्ड 19 की गलियों में स्ट्रीट लाइटों का अभाव है। वार्ड में अनेक स्थानों में लगे पोल पर स्ट्रीट लाइटें ही नहीं लगाई गई हैं। कई गलियों में तो लोगों ने अपनी सुरक्षा के लिए स्वयं के पैसे से लाइटें लगवाई हुई हैं। - संजय कुमार, वार्डवासी
वार्ड में लगभग 10 जर्जर गलियों की मरम्मत का कार्य करवाया गया है, तो वहीं 8 लोहे की जालियां लगवाई हैं। वार्ड के विकास के लिए दो कच्ची गलियों को पक्का करने के लिए टेंडर लगाए हुए हैं। जल्द ही वार्ड में बनी समस्याओं के समाधान के साथ विकास कार्य करवाए जाएंगे। - अजय सांगवान, पार्षद, वार्ड-19