डिस्कस-थ्रो स्पर्धा में भाग लेतीं दादी रामबाई।
चरखी दादरी/कादमा। कादमा गांव निवासी 107 वर्षीय वयोवृद्ध महिला खिलाड़ी दादी रामबाई का परिवार फिर से खेल मैदान में छा गया। हाल ही में मुंबई में आयोजित इंडियन नेशनल मास्टर एथलेटिक्स चैंपियनशिप में रामबाई और उनकी दो बेटियों ने 6 स्वर्ण समेत 9 पदक हासिल किए हैं। दादी रामबाई ने चार स्पर्धाओं में सहभागिता निभाई और चारों में स्वर्ण पदक हासिल किए। वहीं, उनकी दो बेटियों ने दो स्वर्ण समेत 5 पदक जीते हैं।
रामबाई की दोहती शर्मिला ने बताया कि मुंबई में 26 से 28 अप्रैल तक ये स्पर्धा आयोजित की गई। 107 वर्षीय रामबाई ने 100 मीटर दौड़, डिस्कस थ्रो, जेवलिन थ्रो और शॉटपुट स्पर्धा में शानदार प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक हासिल किए। उनकी 75 वर्षीय बेटी सुंदर देवी ने एक किलोमीटर पैदल चाल में कांस्य पदक, शॉटपुट स्पर्धा में स्वर्ण पदक और 400 मीटर दौड़ स्पर्धा में रजत पदक जीता। रामबाई की 65 वर्षीय छोटी बेटी संतरा देवी ने पांच किलोमीटर पैदल चाल में स्वर्ण और जेवलिन थ्राे में कांस्य पदक हासिल किया है।
हवाई जहाज की सवारी कर खुश हुईं दादी रामबाई
मुंबई में आयोजित स्पर्धा में शामिल सभी प्रतिभागियों और आयोजकों ने 107 वर्षीय दादी रामबाई के हौसले की सराहना की। शर्मिला सांगवान ने बताया कि कई प्रतिभागी तो उनकी नानी रामबाई के मुरीद हो गए और उनके साथ सेल्फी भी ली। वहीं, हवाई जहाज का सफर कर रामबाई काफी खुश हुईं।
हरियाणवी परिधान ने भी मुंबई के लोगों को रिझाया
शर्मिला सांगवान ने बताया कि स्पर्धा में भाग लेने के लिए उनकी नानी हरियाणवी परिधान पहन पहुंची। उन्होंने इसी वेशभूषा में चारों स्पर्धाओं में सहभागिता निभाते हुए स्वर्ण पदक प्राप्त किए। उनके पहनावे से मुंबई के लोगों समेत अन्य राज्यों से आए खिलाड़ी प्रभावित हुए।