एनएच-334 बी (नारनौल-दिल्ली मुख्यमार्ग) का चार किलोमीटर लंबा टुकड़ा जर्जर हो चुका है। शहर के महेंद्रगढ़ चौक से लेकर समसपुर टी-प्वाइंट तक सड़क पर 400 से अधिक गड्ढे बने हुए हैं, जिनमें प्रतिदिन दस हजार से अधिक वाहन हिचकोले खा रहे हैं। दूसरी ओर विभागीय अधिकारियों के सड़क निर्माण की ओर ध्यान न देने से खफा स्थानीय दुकानदारों ने शुक्रवार को रोष जाहिर किया। पीडब्ल्यूडी एक्सईएन का कहना है कि एस्टीमेट स्वीकृति के लिए मुख्यालय भेजा जा चुका है और जल्द ही सड़क का निर्माण शुरू करवा दिया जाएगा।
नारनौल-दिल्ली मुख्यमार्ग करीब चार किलोमीटर लंबाई में शहर से होकर गुजरता है। इस मार्ग पर 500 से अधिक दुकानें हैं। इस मानसून सीजन में हुई बारिश ने सड़क की दशा ही बिगाड़ दी है। अब इस सड़क पर कदम-कदम पर गड्ढे बने हुए हैं जिसके चलते वाहन चालक व स्थानीय दुकानदार परेशान हैं। महेंद्रगढ़ चौक से समसपुर टी-प्वांइट तक बनी मार्केट के दुकानदार महेश, पवन, ताराचंद, शंकर, कृष्ण, रामसिंह, जितेंद्र, महेंद्र, राकेश, फूल कुमार, लोकेश, प्रभूराम, धर्मेंद्र, सतीश, मनोज, रामकुमार और प्रवेश ने बताया कि इस सड़क से भारी वाहनों का आवागमन अधिक होता है और यह सड़क जर्जर हो चुकी है। उनका कहना है कि बारिश के मौसम में तो यहां जलभराव की स्थिति बनी रहती है। दुकानदार पीडब्ल्यूडी अधिकारियों को इस संबंध में शिकायत भी सौंप चुके हैं, लेकिन इसके बाद भी हालात नहीं बदले हैं। उन्होंने कहा कि जर्जर सड़क पर हादसों का भी भय बना हुआ है। पिछले दस दिन में तीन वाहन चालक यहां संतुलन खोकर घायल हो चुके हैं। उन्होंने कहा कि सड़क की मरम्मत करवाने की बजाय विभाग को पुनर्निर्माण करवाना चाहिए। उन्होंने बताया कि सड़क का निर्माण काफी समय पहले हुआ था और ओवरब्रिज से लेकर समसपुर टी-प्वाइंट तक सड़क का स्वरूप बिगड़ा हुआ है।
लोग बोले- मुख्यमार्ग की जल्द से जल्द दशा सुधारे विभाग
यह मुख्यमार्ग है, लेकिन हालात बेहद खराब है। सड़क गड्ढों में तबदील हो चुकी है, लेकिन विभाग ने अब तक इसके पुनर्निर्माण की कवायद शुरू नहीं की है। वाहन चालकों के अलावा दुकानदार बेहद परेशान हैं।
सतीश, दुकानदार
- जर्जर सड़क पर दिनभर उड़ने वाली धूल दुकानों के अंदर तक पहुंच रही है। कई बार सड़क निर्माण की गुहार लगा चुके हैं, जो अब तक पूरी नहीं हुई है। यहां से प्रतिदिन दस हजार से अधिक वाहन गुजरते हैं।
सुरेश, दुकानदार
- सड़क की हालत खराब होने से वाहन चालकों के साथ दुकानदारों को दिक्कतें झेलनी पड़ रही है। यह मुख्यमार्ग है और विभाग को इसकी सुध लेकर जल्द से जल्द पुनर्निर्माण कार्य करवाना चाहिए।
बलवंत, चालक
- विभाग को बार-बार शिकायत करने के बाद भी मुख्यमार्ग की कायाकल्प नहीं हुई है। इस मार्ग पर काफी गड्ढे बने हुए हैं, जिनमें संतुलन खोकर वाहन चालक घायल हो रहे हैं। विभाग को सड़क का पुनर्निर्माण करवाना चाहिए।
मंदीप फौगाट, वाहन चालक
वर्जन::
इस मार्ग के पुनर्निर्माण का एस्टीमेट हम तैयार कर चुके हैं। मुख्यालय से अनुमति मिलते ही टेंडर प्रक्रिया पूरी कर निर्माण कार्य शुरू करवा दिया जाएगा।
सोमबीर सिंह, एक्सईएन, पीडब्ल्यूडी।
जर्जर मुख्यमार्ग से गुजरते वाहन ।- फोटो : CharkhiDadri