डिफाॅल्टर उपभोक्ताओं पर बिजली निगम ने कार्रवाई शुरू कर दी है। पिछले 15 दिनों में 62 डिफाॅल्टर उपभोक्ताओं के कनेक्शन काटे गए हैं जबकि 212 उपभोक्ताओं से 19,41,000 रुपये की बकाया बिल राशि का भुगतान करवाया गया है। वहीं, निगम अधिकारियों का तर्क है कि भविष्य में भी ये कार्रवाई जारी रहेगी।
बिजली निगम ने सर्दी सीजन में बिजली की चोरी रोकने लिए धरपकड़ तेज कर दी है। सर्दी मौसम में उपभोक्ता रॉड, हीटर, गीजर आदि का ज्यादा इस्तेमाल करते हैं जिससे बिजली की खपत ज्यादा होती है जिससे लाइन पर लोड बढ़ जाता है। इससे निगम को घाटा भी झेलना पड़ता है। इसलिए निगम ने स्पेशल टीमें तैनात की हैं जो 24 घंटे सक्रिय रहती हैं। शिकायत या शक के आधार पर मौके पर जाकर छापे मारे जा रहे हैं। मौके से चोरी का फोटो भी सुबूत के तौर पर लिया जा रहा है। बिल की अदायगी न करने वालों पर भी टीमें कार्रवाई कर रहीं हैं।
पिछले 15 दिन में शहर में जिन 62 डिफाॅल्टर उपभोक्ताओं के कनेक्शन काटे गए हैं, उन पर 29 लाख रुपये बिल के रूप में बकाया था। निगम ने इसी अवधि में 14 उपभोक्ताओं को बिजली चोरी करते पकड़ा और उनसे 7,70,000 रुपये जुर्माना लगाया। 3,24,000 रुपये की वसूली भी की गई है। इसी प्रकार 212 उपभोक्ताओं से 19,41,242 रुपये की बकाया वसूली भी गई है।
हर डिविजन पर किया गया टीम का गठन
निगम ने सभी डिविजन को बांट रखा है। डिविजन स्तर पर कई टीमें छापेमारी कर रहीं हैं। जिले में शहर के अलावा बाढड़ा, अटेला, सांजरवास, झोझूकलां आदि डिविजन हैं। सुबह-शाम के समय ज्यादा मात्रा में बिजली की चोरी होती है। लोग मीटर की ओर जाने वाली तार समेत पास से गुजरती लाइन से भी सीधे कुंडी लगाकर चोरी की जा रही है।
निगम की ओर से बिजली चोरी रोकने के लिए लगातार छापे मारे जा रहे हैं। विभिन्न टीमें 24 घंटे सक्रिय रहती हैं। मौके पर जाकर चेकिंग की जाती है और चोरी पकड़े जाने पर लोड के हिसाब से जुर्माना लगाया जाता है। निगम डिफाॅल्टर उपभोक्ताओं के कनेक्शन भी काट रहा है। -
सुदीप कुमार, एसडीओ, बिजली निगम, चरखी दादरी।