नगर परिषद की जमीन चहेतों को लीज पर अलॉट करने और आयोजनों के नाम पर लाखों के फर्जी बिल पास करवाने के मामले में शनिवार को पांच पार्षद डीसी से मिले। इन पार्षदों ने डीसी को शिकायत सौंपी, जिसमें नगर परिषद की अंतिम बैठक में पारित हुए प्रस्तावों और दो आयोजनों के खर्च की जांच करवाने की मांग की। डीसी ने उन्हें रिकॉर्ड की जांच करवाकर उचित कार्रवाई करने का आश्वासन दिया।
वाइस चेयरमैन दीपक श्योराण, पार्षद रविंद्र गुप्ता, पार्षद विनोद वाल्मीकि, पार्षद विरेंद्र पप्पू एवं पार्षद प्रतिनिधि प्रवीन सैनी शनिवार दोपहर तीन बजे कैंप कार्यालय में डीसी से मिलने पहुंचे। इन पार्षदों ने नौ पार्षदों के हस्ताक्षरयुक्त शिकायत की प्रति डीसी को सौंपी और मौखिक रूप से भी मामले से अवगत करवाया। पार्षद रविंद्र गुप्ता ने कहा कि 22 फरवरी को नगर परिषद सदन की बैठक हुई थी। बैठक के लिए 12 एजेंडे रखे गए थे। रविंद्र गुप्ता, वाइस चेयरमैन दीपक श्योराण और पार्षद विरेंद्र पप्पू ने कहा कि बैठक की कार्यवाही का ब्योरा उन्हें एक माह बाद मिला तो पता चला कि चेयरमैन संजय छपारिया ने अपने चहेतों को करोड़ों की दुकानें और जमीन कौड़ियों के भाव में लीज पर दे दी है।
पार्षद विरेंद्र पप्पू ने कहा कि न तो ये जमीन या दुकानें लीज पर देने के लिए बैठक में चर्चा हुई और न ही पार्षदों के समक्ष ऐसा कोई एजेंडा रखा गया। उन्होंने कहा कि चेयरमैन ने अपने चहेतों को फायदा पहुंचाने के लिए पद का दुरुपयोग करते हुए और पार्षदों को धोखे में रखकर प्रस्ताव पास कर दिए। इन पार्षदों ने डीसी से दुकान और जमीन अलॉटमेंट प्रक्रिया की जांच करवाने की मांग की। डीसी राजेश जोगपाल ने उन्हें आश्वस्त करते हुए कहा कि मामले की जांच की जाएगी और जो तथ्य सामने आएंगे उसी अनुरूप कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
पहले दिन तीन तो अब नौ पार्षद ने उठाई जांच की मांग
दो दिन पहले वाइस चेयरमैन दीपक श्योराण, पार्षद कुलदीप गांधी व विरेंद्र पप्पू ने प्रेसवार्ता कर चेयरमैन पर शहर की कीमती जमीन चहेतों को सस्ते दामों पर देने के आरोप लगाए थे। शनिवार को इस मामले में पार्षद रविंद्र गुप्ता, विनोद वाल्मीकि और पार्षद प्रतिनिधि प्रवीन सैनी भी डीसी से मिलने पहुंचे। वहीं, पार्षद आनंद, रचना देवी, दिनेश जांगड़ा, पार्षद सुमन श्योराण ने भी मामले की जांच करने की मांग उठाई है।
इन एजेंडों की जांच करवाने की उठाई मांग
1- एजेंडा नंबर 26- पार्षदों ने कहा कि इस एजेंडे में चेयरमैन ने एक से 21 तक की दुकानें अपने परिजनों, चहेते पार्षदों के परिजनों और नप कर्मचारियों के नाम कर दी है। इन दुकानों का किराया 1500 से 2000 हजार तय किया गया है जबकि मार्केट रेट दस गुना अधिक है।
2- एजेंडा नंबर 27- पार्षदों ने बताया कि इस एजेंडे के मुताबिक चेयरमैन ने शहर के बीचोंबीच ऑरियंटल बैंक ऑफ कामर्स के सामने 1151 गज जमीन छपार निवासी व्यक्ति को एक लाख 25 हजार रुपये सालाना लीज पर दे दी, जबकि यहां शॉपिंग कॉम्पलेक्स बनना प्रस्तावित था।
- चेयरमैन आरोपों को बता चुके बेबुनियाद
पार्षदों के प्रेसवार्ता करने के बाद चेयरमैन संजय छपारिया ने भी अपना पक्ष रखा था। उन्होंने बताया था कि उन पर लगाए गए आरोपी बेबुनियाद है। नियमों के तहत ही प्रस्ताव पास किए गए हैं। पार्षद राजनीतिक द्वेष के चलते उन पर अनर्गल आरोप लगा रहे हैं।
शनिवार को हम पार्षद डीसी से मिले हैं और उन्होंने एक शिकायत सौंपी है। शिकायत के जरिये हमने गत बैठक में पास किए गए लीज पर जमीन देने के प्रस्तावों की जांच करवाने और इन्हें रद्द करवाने की मांग की है।
दीपक श्योराण, वाइस चेयरमैन, नगर परिषद
कुछ पार्षद शुक्रवार शाम मुझसे मिले थे। मैंने उन्हें शनिवार दोपहर अपने कार्यालय में बुलाया था। उन्होंने नप बैठक में पास हुए प्रस्तावों पर आपत्ति और शिकायत मुझे सौंपी है। इसकी जांच करवाई जाएगी और जो तथ्य सामने आएंगे उसी अनुरूप कार्रवाई की जाएगी।
राजेश जोगपाल, डीसी