चरखी दादरी। कथित फर्जी मुठभेड़ और 10 लाख रुपये की रिश्वत मामले में कार्रवाई न होने से क्षुब्ध प्रतिनिधिमंडल शुक्रवार को चंडीगढ़ स्थित मुख्यमंत्री आवास पर पहुंचा। वहां मुख्यमंत्री नायब सैनी से मुलाकात कर मामले की जानकारी दी और कार्रवाई के लिए लिखित शिकायत भी सौंपी।
मुख्यमंत्री को दी शिकायत में बताया कि पिछले करीब तीन माह से न्याय की मांग की जा रही है, लेकिन अधिकारियों का रवैया टाल-मटोल वाला है। शिकायत में बताया गया कि वर्ष 2023 में चरखी दादरी जिले के बौंदकलां थाने में एफआईआर नंबर 209 दर्ज हुई थी, जिसमें अब तक न्याय नहीं मिल पाया है।
अधिवक्ता संजीव तक्षक ने बताया कि उक्त मामले में पूर्व गृह मंत्री व अन्य स्थानीय नेता भी पीड़ित पक्ष को न्याय दिलवाने का आश्वासन दे चुके हैं, लेकिन किसी ने अब तक आश्वासन को पूरा नहीं किया है। यहां तक कि पुलिस कर्मचारियों की गिरफ्तारी तक नहीं की गई है और जिला प्रशासन भी मौन है।
पुलिस महानिदेशक से बातचीत करने का दिया आश्वासन
संजीव तक्षक ने बताया कि मुख्यमंत्री ने आश्वस्त किया कि वे शीघ्र ही पुलिस महानिदेशक से इस मामले में बातचीत करेंगे और पीड़ित को न्याय दिलवाने का कार्य करेंगे।
डीएसपी से भी की फोन पर बात, सकारात्मक आश्वासन मिला
संजीव तक्षक ने बताया मुख्यमंत्री से मिलने से पहले जब बाढड़ा डीएसपी से बातचीत की तो उन्होंने कहा कि जेल में बंद आरोपियों के बयान ले लिए है और फोन की कॉल डिटेल निकलवा ली है। बिना कोताही बरते जांच पूर्ण कर ली जाएगी।