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चरखी दादरी: सांसद के आदेश के बाद भी हॉटलाइन से नहीं जुड़े 16 स्वास्थ्य केंद्र

Thu, 16 Feb 2023 10:46 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
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चरखी दादरी। सांसद धर्मबीर सिंह के आदेश देने के पांच माह बाद भी जिले के 16 स्वास्थ्य केंद्र हॉटलाइन से नहीं जुड़े हैं। अहम बात यह है कि यहां पर जेनरेटर की सुविधा भी नहीं है। स्वास्थ्य विभाग इन केंद्रों को हॉटलाइन से जोड़ने का एस्टीमेट तैयार कराने के लिए बिजली निगम को छह पत्र लिख चुका है, लेकिन अब तक यह प्रक्रिया पूरी नहीं की गई है। जल्द ही अगर यहां जेनरेटर या हॉटलाइन की सुविधा नहीं मिली तो गर्मी के मौसम में बिजली कटों से इन केंद्रों की स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित होंगी।
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जिले में 17 स्वास्थ्य केंद्र हैं। इनमें से सिर्फ दादरी का सिविल अस्पताल ही हॉटलाइन से जुड़ा है और यहां जेनरेटर की सुविधा भी है। शहर के एमसीएच (मातृ-शिशु अस्पताल), तीन सीएचसी (सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र) और 12 पीएचसी (प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र) अभी न तो हॉटलाइन से जुड़े हैं और न ही यहां जेनरेटर पहुंचे हैं। ये सभी स्वास्थ्य केंद्र पूर्णतया बिजली निगम की आपूर्ति पर निर्भर हैं। अब आने वाले समय में बिजली खपत बढ़ेगी और लोड बढ़ने के कारण बिजली निगम को पावर कट भी लगाने पड़ेंगे। उस स्थिति में सीधे तौर पर इन 17 स्वास्थ्य केंद्रों की सेवाओं पर असर पड़ेगा।
इस समस्या को देखते हुए पिछले साल माह दिसंबर में स्वास्थ्य विभाग ने 17 जेनरेटर की डिमांड मुख्यालय भेजी और दो माह से अधिक समय बीतने के बाद भी यह मांग पूरी नहीं हुई है। अब स्वास्थ्य विभाग और बिजली निगम को आपसी तालमेल कर जल्द से जल्द इन स्वास्थ्य केंद्रों को हॉटलाइन से जोड़ने की जरूरत है ताकि मरीजों को दिक्कतें न हो और स्वास्थ्य सेवाएं भी सुचारू रहें।
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- प्रतिदिन 1200 की है ओपीडी
सिविल अस्पताल की अगर बात करें तो दैनिक ओपीडी 600 रहती है। इसी प्रकार एमसीएच की दैनिक ओपीडी करीब 70 रहती है। तीनों सीएचसी की दैनिक ओपीडी करीब 200 रहती है। इसके अलावा 12 पीएचसी की ओपीडी 350 तक रहती है। इस लिहाज से इन 17 स्वास्थ्य केंद्रों की दैनिक ओपीडी करीब 1200 है।
15 डिलिवरी हट की सेवाओं पर भी पड़ेगा असर
बिजली कटों का असर जिले के 15 स्वास्थ्य केंद्रों पर बनाए गए डिलिवरी हट की सेवाओं पर भी पड़ेगा। एक माह में स्वास्थ्य केंद्रों के इन हट में करीब 80 डिलिवरी की जाती हैं। कई दफा तो डिलिवरी के बीच में ही लाइट चली जाती है और लंबा कट लगने पर यहां रखे इनवर्टर भी जवाब दे जाते हैं।
ओपीडी पर्ची से लेकर डॉक्टर की रिपोर्ट तक ऑनलाइन
सिविल अस्पताल को स्वास्थ्य विभाग हाईटेक बना चुका है। यहां पिछले करीब एक साल से ओपीडी पर्ची से लेकर टेस्ट रिपोर्ट तक ऑनलाइन ही दी जाती है। सिविल अस्पताल के सभी कक्ष में कंप्यूटर के साथ इंटरनेट की व्यवस्था है। लंबे समय तक बत्ती गुल रहने से यहां भी ऑनलाइन सेवाओं पर असर पड़ेगा।
जेनरेटर की डिमांड भेजी हुई है। यह जल्द ही मिलने की उम्मीद है। जेनरेटर आते ही सभी स्वास्थ्य केंद्रों पर सुविधा शुरू कर देंगे। सांसद के आदेश अनुसार स्वास्थ्य सुविधाओं को हॉटलाइन से जोड़ने के लिए बिजली निगम को एस्टीमेट तैयार करने के लिए 6 पत्र लिख चुके हैं।
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- डॉ. कृष्ण कुमार, सीएमओ, चरखी दादरी
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