हरियाणा के नगूरां सब डिवीजन में सेल्फ फाइनेंस स्कीम में 28 बिजली कर्मचारियों को आरोपी बनाए जाने के विरोध में बिजली कर्मचारियों ने कार्यकारी अभियंता कार्यालय के सामने धरना दिया और नारेबाजी की। बिजली कर्मचारियों ने चेताया कि अगर बिजली कर्मचारियों का उत्पीड़न न रोका गया तो नौ अक्तूबर को पूरे जींद डिवीजन को पूर्ण रूप से बंद कर दिया जाएगा।
डिवीजन प्रधान श्रीभगवान और रामबाग शर्मा ने कहा कि जिन 28 बिजली कर्मचारियों को जांच में शामिल किया गया है, उनका पांच जनवरी 2012 को दर्ज एफआईआर में कहीं पर भी नाम नहीं है।
निगम के अधिकारी और पुलिस अधिकारी नाजायज तौर पर बिजली कर्मचारियों को मुकद्दमे में फंसाने की कोशिश कर रहे हैं। केंद्रीय परिषद के निर्णय अनुसार धरना शुरू कर दिया गया है।
उन्होंने चेताया कि अगर आठ अक्तूबर तक मुकद्दमे वापस नहीं लिए जाते तो नौ अक्तूबर को जींद डिवीजन पूरी बंद रहेगा और आंदोलन को राज्य स्तर पर ले जाया जाएगा। उन्होंने कहा कि नगूरां सब डिवीजन में तत्कालीन दो अधिकारियों और एक चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी को निगम ने निलंबित किया था।
इसमें एक अधिकारी को बहाल कर दिया गया। जबकि चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी को आज तक बहाल नहीं किया गया है। इस मौके पर जिलेसिंह शर्मा, शिवकुमार शर्मा, राजेश शर्मा, सुरेश खासा, रणबीर, रोशनलाल, धर्मेंद्र, राजेश वर्मा, राजबीर सिंह, मनोज कुमार, धर्मबीर सिंह, विश्वजीत, जयभगवान सहित कई कर्मचारी नेताओं ने अपने विचार रखे।