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Bhiwani News: उपायुक्त ने बताई नागरिक सुरक्षा स्वयंसेवकों की भूमिका

Fri, 16 May 2025 12:54 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
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​भिवानी में सिविल डिफेंस वालंटियर के लिए आयोजित प्रशिक्षण शिविर को संबो​धित करते डीसी महावीर कौ
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भिवानी। पंचायत भवन में नागरिक सुरक्षा स्वयंसेवकों को प्रशिक्षण दिया जा रहा है। डीसी महावीर कौशिक भी वीरवार को इस शिविर में पहुंचे। उन्होंने कहा कि किसी भी प्रकार की आपदा के दौरान आमजन की जानमाल की सुरक्षा में स्वयंसेवकों की बहुत बड़ी भूमिका होती है। युद्ध के दौरान यदि सीमाओं पर सेना हमारी रक्षा करती है तो देश के आंतरिक हिस्सों में प्रशासनिक अमले के साथ स्वयंसेवक भी मदद करते हैं। इसलिए सभी स्वयंसेवकों को जरूरत के समय उनके कार्यों की जानकारी जरूर होनी चाहिए।
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डीसी महावीर ने कहा कि आपदा प्राकृतिक या मानव निर्मित किसी भी प्रकार की हो सकती है। दोनों ही हालात में जान-माल की सुरक्षा जरूरी है। उन्होंने कहा कि युवाओं को आपदा के समय समाजसेवा के लिए तैयार रहना चाहिए। आपके आसपास खुद को असुरक्षित महसूस महसूस करने वालों का जीवन बचाने में मदद करनी चाहिए।

एसडीएम महेश कुमार ने बताया कि इसके लिए संसद ने वर्ष 1968 में एक कानून पारित किया था, ताकि जरूरत के समय स्वयंसेवकों की मदद ली जा सके। उनकी सेवाएं समर्पित राष्ट्रसेवक के रूप में निशुल्क होती हैं।
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नगराधीश अनिल कुमार ने कहा कि स्वयंसेवकों में राष्ट्रभक्ति और राष्ट्रसेवा की भावना का होना जरूरी है। युवा पीढ़ी ऊर्जा का भंडार होती है और वे किसी भी स्थिति से निपट सकते हैं। प्रवक्ता संजय कामरा और जिला प्रशिक्षण अधिकारी विकास कुमार ने प्राथमिक उपचार के बारे में बताया।

स्वास्थ्य विभाग के फिजिशियन डॉ. यतिन गुप्ता और बेहोशी के डॉ. नवीन घोष ने पीड़ितों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाने का आह्वान किया। उन्होंने आपदा में घायल, बेहोश या जख्मी व्यक्ति की सांस चलने के बारे में पता लगाना सिखाया।


एनडीआरएफ की टीम ने दी व्यावहारिक जानकारी

एनडीआरएफ बठिंडा से टीम के साथ पहुंचे निरीक्षक त्रिलोक ने व्यावहारिक जानकारी दी। उन्होंने बताया कि बाढ़, भूकंप, सुनामी, महामारी या युद्ध के समय बने हालात आपदा कहलाते हैं। उस समय जान-माल की हानि होना स्वाभाविक है। ऐसे में नागरिकों की रक्षा और सुरक्षा करना हमारे लिए चुनौती होती है। एनडीआरएफ की टीम ने रक्त रिसाव को रोकने, आग और बाढ़ आदि में फंसे लोगों को बाहर निकालकर उनको सुरक्षित स्थान पर पहुंचाने, उनके प्राथमिक उपचार, कपड़े से स्ट्रेचर तैयार करने, घायल को उस पर लेटाने का सही तरीके बताए।
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