हरियाणा विधानसभा चुनाव 2024 के परिणाम का इंतजार अब खत्म होने वाला है, क्योंकि आज वोटों की गिनती के बाद चुनावी नतीजे घोषित किए जाएंगे। 90 विधानसभा सीटों के लिए हुए इस चुनाव में भाजपा, कांग्रेस, इनेलो-बसपा गठबंधन, आम आदमी पार्टी और कई निर्दलीय उम्मीदवारों के बीच कड़ा मुकाबला देखने को मिला है।
तोशाम विधानसभा क्षेत्र में भाजपा की श्रुति चौधरी ने चुनावी मैदान में जीत हासिल की है। उनकी यह जीत पार्टी के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि मानी जा रही है। श्रुति चौधरी ने चुनाव परिणामों पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि मैं सभी मतदाताओं का दिल से धन्यवाद करती हूं। यह जीत हमारी पार्टी की नीतियों और कार्यों पर जनता के विश्वास का प्रमाण है। मैं क्षेत्र के विकास के लिए कड़ी मेहनत करूंगी।
तोशाम विधानसभा सीट पर भी भाजपा 3135 मतों की बढ़त पर है, जबकि लोहारू विधानसभा से भाजपा ने 4567 मतों की बढ़त बनाई है। इन सभी रुझानों से भाजपा की स्थिति मजबूत होती दिखाई दे रही है।
हालांकि, बवानी खेड़ा विधानसभा सीट पर कांग्रेस ने 419 मतों की मामूली बढ़त बना रखी है। इस सीट पर कांग्रेस की स्थिति पार्टी के लिए थोड़ी आशाजनक है, जबकि भाजपा यहाँ पीछे चल रही है।
भिवानी जिले में चुनावी रुझानों के अनुसार भाजपा की बढ़त ने उनकी रणनीति की सफलता को दर्शाया है, लेकिन बवानी खेड़ा में कांग्रेस के आगे रहने से यह स्पष्ट होता है कि सभी सीटों पर मुकाबला काफी कड़ा है। मतगणना अभी भी जारी है, और अंतिम परिणामों का इंतजार किया जा रहा है।
हरियाणा विधानसभा चुनाव 2024 के मतगणना के रुझानों में भिवानी जिले की चार प्रमुख विधानसभा सीटों पर भाजपा और कांग्रेस के बीच कड़ी टक्कर देखने को मिल रही है। शुरुआती रुझानों के अनुसार, भाजपा ने जिले की तीन सीटों पर बढ़त बना रखी है, जबकि बवानी खेड़ा से कांग्रेस आगे चल रही है।
भिवानी विधानसभा सीट से भाजपा 8101 मतों की बढ़त के साथ आगे है, जबकि कांग्रेस यहां पीछे नजर आ रही है। तोशाम विधानसभा सीट पर भी भाजपा को 3785 मतों से बढ़त मिल रही है, जहां भाजपा की श्रुति चौधरी और कांग्रेस के अनिरुद्ध चौधरी के बीच कड़ा मुकाबला चल रहा है।
लोहारू विधानसभा से भी भाजपा ने 2893 मतों की बढ़त बना ली है, जिससे पार्टी के समर्थकों में उत्साह देखा जा रहा है।
दूसरी ओर, बवानी खेड़ा विधानसभा सीट से कांग्रेस ने 892 मतों की मामूली बढ़त बना रखी है, जिससे यह सीट भाजपा और कांग्रेस के बीच निर्णायक संघर्ष का केंद्र बनी हुई है।
भिवानी जिले में यह रुझान भाजपा के लिए मजबूत संकेत दे रहे हैं, लेकिन अंतिम नतीजे आने तक चुनावी समीकरण बदल भी सकते हैं। मतगणना जारी है और सभी की निगाहें अंतिम परिणाम पर टिकी हैं।
हरियाणा के राजनीतिक इतिहास में तोशाम विधानसभा क्षेत्र हमेशा से एक महत्वपूर्ण गढ़ रहा है, और इस बार यह सीट खासतौर पर चर्चा में है क्योंकि पूर्व मुख्यमंत्री चौधरी बंसीलाल के परिवार के दो सदस्य-कांग्रेस से अनिरुद्ध चौधरी और भाजपा से श्रुति चौधरी एक-दूसरे के खिलाफ चुनावी मैदान में हैं। 26 साल बाद बंसीलाल परिवार के ये दो सदस्य आमने-सामने हैं और दोनों ही खुद को बंसीलाल की राजनीतिक विरासत का असली वारिस साबित करने की लड़ाई लड़ रहे हैं।
इस मुकाबले को और अधिक रोचक बना दिया है भाजपा के बागी उम्मीदवार शशिरंजन परमार ने, जो इस बार निर्दलीय चुनाव लड़ रहे हैं। परमार के मैदान में उतरने से दोनों प्रमुख उम्मीदवारों के लिए राह और कठिन हो गई है, क्योंकि परमार जिस भी संख्या में वोट प्राप्त करेंगे, वह सीधे तौर पर श्रुति और अनिरुद्ध दोनों की जीत-हार को प्रभावित करेगा। परमार का बागी उम्मीदवार के रूप में चुनाव लड़ना भाजपा और कांग्रेस दोनों के लिए बड़ी चुनौती बन गया है।
हालांकि तोशाम से कुल 15 उम्मीदवार चुनावी मैदान में हैं, लेकिन असली मुकाबला कांग्रेस और भाजपा के बीच ही दिखाई दे रहा है। अब देखना यह है कि इस रोचक जंग में कौन बाजी मारता है। बंसीलाल की राजनीतिक विरासत के लिए लड़ रहे भाई-बहन या फिर निर्दलीय शशिरंजन परमार इस जंग को और जटिल बना देंगे। मतदाताओं का निर्णय इस परिवारिक और राजनीतिक संघर्ष का भविष्य तय करेगा।
वहीं, परमार भाजपा को ही ज्यादा नुकसान पहुंचाते नजर आ रहे हैं। इस सीट पर अनिरुद्ध के लिए अभिनेता राज बब्बर, पूर्व क्रिकेटर वीरेंद्र सहवाग, पूर्व सीएम भूपेंद्र हुड्डा, दीपेंद्र हुड्डा ने प्रचार किया। भाजपा से केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत, राजस्थान के मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा, मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी प्रचार अभियान में शामिल हुए।