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Bhiwani News: निमड़ीवाली में फिर टावर लगाने पहुंची टीम के साथ हुआ टकराव, किसानों को पुलिस ने हिरासत में लिया

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भिवानी। गांव निमड़ीवाली में एक बार फिर पुलिस के साथ बिजली निगम अधिकारियों की टीम टावर लगाने पहुंची तो किसानों के साथ उनका टकराव हो गया। इस दौरान पुलिस ने करीब आठ से दस किसानों को हिरासत में लिया और उन्हें सदर पुलिस थाना लेकर पहुंची। वहीं निगम अधिकारियों के जबरन टावर लगाए जाने और किसानों को हिरासत में लिए जाने पर अखिल भारतीय किसान सभा व संयुक्त किसान मोर्चा ने कड़ा एतराज जताते हुए आंदोलन की चेतावनी दी है।
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किसान संगठनों ने उचित मुआवजा दिए बिना टावर नहीं लगाने और हिरासत में लिए किसानों को तुरंत रिहा किए जाने की मांग की है। किसान सभा के जिला प्रधान रामफल देशवाल, जिला सचिव मास्टर जगरोशन, जिला कोषाध्यक्ष मास्टर उमराव सिंह व संयुक्त किसान मोर्चा के नेता कामरेड ओमप्रकाश ने कहा कि बुधवार सुबह आठ बजे निगम अधिकारी पुलिस बल के साथ गांव निमड़ीवाली में बिजली टावर लगाने पहुंचे। इनका वहां मौजूद किसानों ने विरोध किया तो उन्हें हिरासत में ले लिया गया। हिरासत में लिए जाने वालों में किसान नेता राकेश आर्य भी शामिल बताए जा रहे हैं।
संयुक्त किसान मोर्चा नेताओं ने कहा कि किसानों के खेतों में टावर खड़े करने के बदले किसानों को न्यायोचित मुआवजा देने की हरियाणा सरकार की कोई ठोस नीति नहीं है। निमड़ीवाली गांव में कई तरह के टावर खड़े कर दिए हैं, खेती करने व अपने घर बनाने की जगह सिकुड़ती जा रही है। ढाणा नरसान की जमीन पर जो पावर ग्रिड कारपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड का जो ट्रांसमिशन स्टेशन बना है, आसपास के ग्रामीणों की मुसीबतें शुरू हो गई हैं, यहां कोई लाइन बिजली ला रही और कोई बिजली ले जा रही है। निमड़ीवाली, रूपगढ़, अजीतपुर, नंदगांव व कितलाना और आसपास गांव की जमीनों पर टावरों व तारों का जाल बिछा दिया गया है। किसान सभा और संयुक्त किसान मोर्चा सरकार की इस जनविरोधी नीति का मुकाबला करने के लिए किसानों को संगठित करके एक सशक्त आंदोलन खड़ा करने की योजना बना रही है।
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उन्होंने भिवानी जिला प्रशासन व पुलिस प्रशासन को चेतावनी दी है। जोर जबरदस्ती के बजाय बातचीत से यह मामला सुलझाने की प्रक्रिया अपनाएं तो यह प्रशासन व सरकार के लिए उचित होगा अन्यथा उन्हें किसानों का विरोध झेलना पड़ेगा। गिरफ्तार किए गए ग्रामीण तुरंत रिहा किए जाए।
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