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भारत को फिर से विश्व गुरु और विकसित राष्ट्र बनाने में युवाओं को योगदान सबसे जरूरी : राज्यपाल

Mon, 15 Jan 2024 11:06 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
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 ​भिवानी के सीबीएलयू में मंचासीन राज्यपाल  बंडारू दत्तात्रेय और अन्य। 
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भिवानी। गांव प्रेमनगर स्थित चौधरी बंसीलाल विश्वविद्यालय (सीबीएलयू) का तीसरा दीक्षांत समारोह सोमवार को हुआ। राज्यपाल बंडारू दत्तात्रेय समारोह मुख्य अतिथि रहे। उन्होंने अलंकृत होने वाले विद्यार्थियों का उत्साह बढ़ाया।
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उन्होंने कहा कि पढ़ाई से आत्मविश्वास बढ़ता है। आप लोग नौकरी ढूंढ़ने वालों के बजाय नवाचार को अपनाकर नौकरी देने वाले बनें। केंद्र सरकार की नीति भी नवाचार को बढ़ाने वाली है। उन्होंने कहा कि उपलब्धियों भरा यह गौरवमय क्षण अथक परिश्रम के साथ आपके माता-पिता के त्याग, तपस्या, कठोर परिश्रम, आपके गुरुजनों के सहयोग एवं मार्गदर्शन का परिणाम है।
उन्होंने कहा कि यह नई तकनीक का युग है। एक सर्वे के अनुसार वर्ष 2030 तक विश्व में रोजगार के तीन करोड़ नए मौके मिलेंगे। उन्हाेंने नई तकनीक के सहारे इनमें से दो करोड़ देशवासियों को नौकरी मिलने की उम्मीद जताई।
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दीक्षांत समारोह में स्वर्ण पदक पाने वाले कुल 22 में 19 छात्राएं होने पर राज्यपाल दत्तात्रेय ने खुशी जताई। उन्होंने कहा कि यह गर्व की बात है। यह इस बात का प्रमाण है कि आज महिलाएं हर क्षेत्र में आगे बढ़ रहीं हैं। स्टार्ट अप और रोजगार सृजन महिलाएं आगे हैं। महिलाओं को आगे बढ़ने से कोई नहीं रोक सकता।
उन्होंने कहा कि महिला जितनी उच्च स्तर पर जाएंगी, देश भी उतनी ऊंचाई पर जाएगा। हमें महिलाओं का गौरव बढ़ाना चाहिए। उन्होंने सीबीएलयू में कम समय में शैक्षणिक के साथ खेलों, समाजसेवा, नवाचार, सांस्कृतिक क्षेत्र में बड़ी- उपलब्धि हासिल करने पर विवि प्रशासन को बधाई दी।
उन्होंने विवि परिसर में 80 प्रतिशत सोलर सिस्टम को बड़ी जरूरत बताया। कहा कि इससे हरित ऊर्जा पैदा होगी। उन्होंने कहा कि विवि के 15 हॉबी क्लब नया एवं सफल प्रयोग है। नए शोध और नवाचार से ही विश्वविद्यालय आगे बढ़ सकता है।
विवि के कुलपति प्रो. राजकुमार मित्तल ने कहा कि विवि में विद्यार्थियों के कौशल विकास को विशेष बढ़ावा दिया जा रहा है। व्यक्तित्व विकास एवं चरित्र निर्माण पर पाठ्यक्रम बनाया गया है, जिसे देश के ज्यादातर विश्वविद्यालयों ने लागू किया है। विवि ने पांच गांवों को गोद लेकर उनमें पुस्तकालय एवं वाचनालयों की स्थापना की है। विद्यार्थियों को शिक्षा के साथ कम्युनिटी से जोड़ने के लिए विशेष प्रयास किए हैं।
उन्होंने कहा कि विविने अभी हाल ही में 12 बी का दर्जा पाया है। विश्वविद्यालय ने नौ पेटेंट और 310 शोध पत्र प्रकाशित किए हैं। पौधरोपण, जल एवं ऊर्जा संरक्षण के साथ विवि के हर्बल गार्डन में 80 से अधिक औषधीय पौधे लगाए गए हैं।

विद्यार्थी भारत के कर्णधार हैं : स्वामी सदानंद महाराज
कार्यक्रम को स्वामी सदानंद महाराज ने भी संबोधित किया। उन्होंने कहा कि भारत विश्व गुरु था और निकट भविष्य में भारत फिर से विश्व गुरु बनेगा। उन्होंने कहा कि आज के विद्यार्थी कल के भारत के कर्णधार हैं। समारोह में राज्यसभा सदस्य पूर्व लेफ्टिनेंट जनरल डॉ. डीपी वत्स, विधायक घनश्याम सर्राफ, डीसी नरेश नरवाल, एसपी वरुण सिंगला, हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड के चेयरमैन वीपी यादव, कुरुक्षेत्र विवि के कुलपति प्रो सोमनाथ सचदेवा, आईजीयू मीरपुर के कुलपति प्रो. जेपी यादव, कुलसचिव डॉ. ऋतु, एसडीएम दीपक बाबू लाल करवा, एएसपी लोगेश कुमार, तहसीलदार आदित्य रंगा, भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष विक्रम सिंह आदि मौजूद रहे।
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